Monday, May 23, 2022
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फर्जी दस्तावेजों पर लोन कराकर कार खरीदने वाले गैंग के  सरगना समेत 5 गिरफ्तार 

  • Updated on 1/25/2022

नई दिल्ली/टीम डिजिटल। फर्जी दस्तावेजों के आधार पर बैंकों से लोन कराकर कार खरीदने वाले गैंग का नगर कोतवाली पुलिस ने पर्दाफाश किया है। इस मामले में पुलिस ने गैंग सरगना समेत पांच सदस्यों को गिरफ्तार किया है। जिनके कब्जे से फर्जीवाड़ा कर खरीदी गईं चार नई कार, दो बाइक, 8 आधार कार्ड, 5 एटीएम कार्ड और फर्जी दस्तावेज बनाने के उपकरण बरामद किए गए हैं। पुलिस का कहना है कि गैंग सरगना पूर्व में भी इसी तरह के मामले में खोड़ा थाने से जेल जा चुका है। उसके भाई समेत दो अन्य आरोपी फरार हैं। उन्हें भी पकडऩे का प्रयास किया जा रहा है।


एसपी सिटी निपुण अग्रवाल ने बताया कि नगर कोतवाली पुलिस ने चेकिंग के दौरान हापुड़ मोड़ पर कार सवार युवकों को रोका और उनकी तलाशी ली। तलाशी लेने पर कार में लैपटॉप और प्रिंटर आदि सामान मिला। शक होने पर पुलिस आरोपियों को पकड़ कर थाने लाई और सख्ती से पूछताछ की गई। पूछताछ में पता चला कि आरोपी एक बड़े फर्जीवाड़ा गैंग के सदस्य हैं। इसके बाद इनके अन्य साथियों को भी पकड़ा गया। एसपी सिटी ने बताया कि पकड़े गए आरोपियों में चांदपुर बिजनौर निवासी गैंग सरगना अजीत, दोघट बागपत निवासी सागर पंवार, धामपुर बिजनौर निवासी यश चौहान, शास्त्रीनगर निवासी अरुण भारद्वाज और प्रताप नगर निवासी विवेक त्यागी शामिल हैं। जबकि अजीत का भाई योगेन्द्र और साथी अंकित उर्फ चिंटू फरार हैं। उन्हें भी पकडऩे का प्रयास किया जा रहा है। विवेक त्यागी बैंक का फील्ड इंस्पेक्टर है। 


एसपी सिटी ने बताया कि आरोपी बरामद उपकरणों से फर्जी आधार कार्ड, पैन कार्ड, बैंक स्टेटमेंट, सैलरी स्लिप और लोन लेने के लिए सभी जरूरी दस्तावेज तैयार कर लेते थे। इसके बाद कार लोन के लिए बैंक अधिकारियों से मिलीभगत कर फर्जीवाड़े की पूरी फाइल निजी बैंकों में लगा दी जाती थी। एसपी सिटी ने बताया कि लोन लेने वाले आवेदक के पते का सत्यापन करने का काम विवेक त्यागी का होता था। वह आरोपियों से लोन की कुछ फीसद रकम लेकर पता सत्यापित कर देता था। इसके बाद आरोपी कार की कुछ कीमत शोरूम में जमा कर नई कार निकाल लेते थे। पुलिस का कहना है कि लोन पर ली कार और बाइक आदि को आरोपी अनजान लोगों को सस्ते दामों में बेचकर मोटा मुनाफा कमा रहे थे। इस गैंग का पर्दाफाश पूर्व में खोड़ा पुलिस भी कर चुकी है। खोड़ा पुलिस ने गैंग सरगना अजीत और उसके साथियों को जेल भेजकर कई वाहन बरामद किए थे। पुलिस का कहना है कि जेल से आने के बाद अजीत और उसके साथी दोबारा से इसी धंधे में जुट गए थे। 
 

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