Tuesday, Oct 19, 2021
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By luring girls with fake profiles, they used to cheat by luring them with gifts

फर्जी प्रोफाइल से युवतियों को फंसाते,उपहार का लालच देकर करते थे ठगी

  • Updated on 9/18/2021

 
 नई दिल्ली।टीम डिजिटल।दोस्ती फिर विश्वासघात! दिल्ली पुलिस समय समय पर सोशल मीडिया पर होने वाली धोखेबाजी को लेकर लोगों को अवगत कराती रहती है। लेकिन लोग हैं कि मानते ही नहीं,जब उनके साथ ठगी हो जाती है तक पछताते हैं। ऐसा ही एक मामले में महिला की सोशल मीडिया पर दोस्ती हुई। उनका दोस्त कोई  ब्रिटेन का एक जेम्स था। लेकिन जब पुलिस ने अपनी जांच की तो वहीं जेम्स यूपी का रहने वाला आरोपी निकला। जो अपने साथी के साथ मिलकर ठगी की वारदातों को अंजाम दे रहा था। रानी बाग पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपियों की पहचान दामोदार और रहमत खान के रूप में हुई है। पुलिस ने आरोपियों का एक बैंक खाता भी सील किया है। जो किसी अन्य के नाम पर था। पुलिस गैंग के दो अन्य सदस्य और सह आरोपी रियासत और सोमपाल फिलहाल फरार हैं। जिनकी तलाश की जा रही है।
जिला पुलिस उपायुक्त परविन्द्र सिंह ने बताया कि बीते 24 अगस्त को रानी बाग पुलिस को इलाके में रहने वाली रितू नामक युवती ने ठगी होने की रिपोर्ट दर्ज करवाई थी। उन्होंने बताया कि इंस्टाग्राम पर कुछ समय पहले उसकी ब्रिटेन के एक जेम्स नाम के व्यक्ति के साथ चैटिंग के माध्यम से दोस्ती हो गई थी। 

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फर्जी प्रोफाइल लगाते थे इंस्टाग्राम पर
आरोपी ने फोटो फर्जी लगा रखी थी। जबकि इंस्टाग्राम पर अपना बायोडाटा भी पूरी तरह से फर्जी बना रखा था। आरोपी ने अक्सर उसके बारे में बातें करता था। जैसे कि तुम बहुत खुबसूरत हो,तुमसे बात करना अच्छा लगता है। जब भी वह भारत आएगा,तुम्हारे साथ ही दिन बिताएगा और शॉपिंग करेगा। ऐसी कई प्रकार की लुभावनी बातें करता था। आरोपी ने उसको कुछ दिन पहले कहा था कि वह तुम्हारे लिए एक लुभावना उपहार भेज रहा है। जिसमें उसने छुपाकर बीस हजार डॉलर भी रखे हैं। बस आप उपहार को लेने के लिए थोड़ी सी कस्टम डयूटी देना। उसने आरोपी का विश्वास कर लिया। 

 

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कस्टम क्लीयरेंस डयूटी के लिये आता था फोन
एक दिन उसके पास फोन आया। जिसने बताया कि मैडम आपका ब्रिटेन से एक पैकेट आया हुआ है। जिसकी 60 हजार रुपये कस्टम क्लीयरेंस डयूटी आपको देनी होगी। आरोपी ने एक बैंक खाता नंबर दे दिया। जिसमें उसने साठ हजार रुपये डाल दिये। बाद में दूसरे आरोपी ने फोन कर कहा कि मैडम किसी वजह से आपके रुपये आए नहीं हैं। आप दोबारा से रुपये भेज दें,पहले वाले रुपये आपके खाते में वापिस आ जाएंगे। दोबारा रुपये जमा नहीं करवाने पर बार बार आरोपी का फोन आने लगा। कुछ शक हुआ। जिसके बाद उसने खुद को ठगा महसूस कर शिकायत दर्ज करवा दी। पुलिस ने मामला दर्ज किया। 

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असली बैंक खाताधारी को एक पर्सेंट देते थे
एसएचओ मनोज कुमार के निर्देशन में पुलिस टीम ने इंस्टाग्राम मैसेज,आरोपियों के फोन नंबर और बैंक खाते के बारे में पता करने की कोशिश की। शुरूआती जांच में पता चला कि  शिकायतकर्ता ने पीएनबी खाते से केनरा बैंक के एक खाते में राशि ट्रांसफर की थी। पश्चिम विहार शाखा केनरा बैंक खाता एक दामोदर निवासी भीम पार्क निहाल विहार, नांगलोई का पता चला,जिसका सत्यापन करने पर पता फर्जी पाया गया। बैंक अधिकारियों से संपर्क कर खाते की जानकारी ली गई। खाता यूपी में ही एक मजदूर के नाम पर खुला हुआ था। जिसमें कई लाख रुपये जमा थे। उससे पता चला कि उसका खाता पकड़े गए आरोपियों ने खुलवा रखा था। वह आने वाले रुपये का एक प्रसेंट उसे दिया करते थे। वह ट्रैक्टरों की सफाई आदी किया करता है। उसका एटीएम कार्ड भी आरोपियों के पास है। 

 

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बरेली यूपी से पकड़े दोनों आरोपी 
उसकी निशानदेही पर आरोपी दामोदर को जिला बरेली, यूपी में उसके घर से गिरफ्तार कर लिया। उसकी निशानदेही पर उसके साथी रहमत खान को भी वहीं से गिरफ्तार कर लिया। आरोपियों से पूछताछ करने पर पता चला कि  गिरोह ने सोशल मीडिया पर काल्पनिक नामों और विदेशी नागरिकों का बायाडोटा निकालकर नकली प्रोफाइल बनाते थे।  खासतौर पर युवतियों का प्रोफाइल सोशल मीडिया पर देखकर उनसे चैटिंग किया करते थे। जब दोनों थोड़ा पर्सनल हो जाते थे। तभी आरोपी पीडि़त को महंगा गिफ्ट भेजने के जाल में फंसाता था। उससे हजारों लाखों रुपये खाते में डलवा लिया करते थे। 

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जुलाई से 31 लाख 20 हजार रुपये का लेनदेन हुआ
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि 21 जुलाई से आरोपियों के बैंक खाते में देश के विभिन्न हिस्सों से 31 लाख 20 हजार रुपये का लेनदेन हुआ था। लेकिन फिलहाल खाते में कोई पैसा नहीं था। आरोपियों का बैंक खाता केरल में भी पता चला है,जिसमें केरल पुलिस से संपर्क कर उसको तुरंत सील करने के लिए कहा गया है।  पकड़े गए आरोपी दसवीं कक्षा तक पढ़ाई की है। जिसमें से एक कारपेंटर है,जबकि दूसरा ट्रैक्टर पर रेत आदी लाने ने जाने का काम करता है।  

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