Thursday, May 13, 2021
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Corona vaccine देने के नाम पर दिल्ली में फर्जीवाड़े का खुलासा

  • Updated on 12/29/2020

नई दिल्ली/टीम डिजिटल। देश में अभी कोरोना वैक्सीन (Corona Vaccine) पहुंची भी नहीं और इसके नाम पर राजधानी दिल्ली में फर्जवाड़ा (Fraud) भी शुरू हो गया है। सोशल मीडिया और वेबसाइट पर कोरोना वैक्सीन देने का दावा किया जा रहा है। लोगों को मैसेज किया जा रहा है, जिसमें एक वेबसाइट का लिंक शेयर किया जा रहा है। इसके साथ ही वैक्सीन के ट्रायल में शामिल होने के लिए एक मोबाइल नंबर भी जारी किया गया है। 

ये मैसेज अधिकतर डॉक्टरों के ग्रुप में तेजी से वायरल हो रहा है। जब एक डॉक्टर ने फोन कर जानकारी मांगी तो उन्हें कहा गया कि वो सुबह 10 बजे से दोपहर दो बजे के बीच अस्पताल आ जाएं। यहां पर उनके शरीर में कोरोना एंटी बॉडी की जांच की जाएगी। अगर उनके शरीर में एंटीबॉडी नहीं मिलती तो उनको वैक्सीन लगा दी जाएगी। 

इस खबर पर डॉक्टरों ने रोष जताया है। उन्होंने कहा इस तरह का फर्जीवाड़ा पूरी तरह से मानवता के साथ खिलवाड़ है। बिना सरकार की मंजूरी के वैक्सीनेशन नहीं किया जा सकता। बता दें कि देश में जल्द ही कोरोना वैक्सीन सभी राज्यों में पहुंचाने की तैयारियां जोरों पर है। 

इसके लिए पंजाब, असम, आंध्र प्रदेश और गुजरात में कोरोना वैक्सीन से पहले तैयारियों का जायजा लेने के लिए दो दिवसीय ड्राई रन आज से किया जाएगा। इन सभी राज्यों के दो जिलों में पांच जगहों पर यह ड्राई रन किया जाएगा। ड्राइ रन में कोरोना वैक्सीन के लिए कोल्ड स्टोरेज और परिवहन व्यवस्था, भीड़ का प्रबंधन, सोशल डिस्टेंस जैसे अहम मुद्दे शामिल होंगे।

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वैक्सीनेश से पहले सरकार ने शुरू किया ड्राई रन
बताया जा रहा है कि ड्राई रन का मकसद वैक्सिनेशन से पहले सारी तैयारियों का जायजा लेने, कमी में सुधार करना है। साथ ही साथ प्लैनिंग, इंप्लीमेंटेशन या रिपोर्टिंग मैकेनिज्म को देखना और उसमें सुधार करना भी है। वैक्सीन देने के लिए खास तौर पर बनी को-विन (Co-WIN) एप की ऑपरेशनल फीसिबिल्टी, फील्ड प्लानिंग और इंप्लीमेंटेशन चेक किया जाएगा। ये तरह की मॉक ड्रिल होगी। 

को-विन ऐप
प्लांनिंग और तैयारी में को-विन ऐप एप्लीकेशन टेस्ट करना और आए हैल्थ केयर वर्कर का डाटा अपलोड करना। सेशन प्लांनिंग और वैक्सीनेटर डिप्लॉयमेंट। वैक्सिनेशन साइट पर वैक्सीन लाना और लॉजिस्टिक चेक करना और उसे को-विन एप के जरिए देना। सेशन साइट पर वैक्सिनेशन करना और रिपोर्ट करना। ब्लॉक, जिला और स्टेट रिव्यू मीटिंग करके फीडबैक देना होगा और अगर कहीं कमी होती है तो उसे रिपोर्ट किया जाएगा। 

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साइट पर मौजूद होंगी लाभार्थियों की डिटेल्स
पांच सेशन वाली जगहों में से प्रत्येक ड्राई रन के लिए 25 परीक्षण लाभार्थियों जो कि हेल्थकेयर वर्कर्स होंगे की पहचान की गई है। ड्राई रन सेशन साइट पर परीक्षण लाभार्थियों की डिटेल्स साइट पर मौजूद होंगी। हैल्थ केयर वर्कर के साथ सेशन फ्लो का आकलन होगा। इस दौरान कोई वैक्सीन नहीं दिया जाएगा, लेकिन जैसा वैक्सिनेशन के दौरान होगा वो पूरी प्रक्रिया की जाएगी।

योजना के दौरान सबसे पहले 25 डमी हैल्थ केयर वर्कर दो घंटे में इस साइट पर आएंगे। इसके बाद पहला वैक्सिनेशन ऑफिसर लाभार्थियों का नाम लिस्ट से मिलान करेके, दूसरा वैक्सीनेशन अधिकारी इसको को-विन एप के जरिए वेरीफाई करेगा। इसके बाद वैक्सीनेशन अधिकारी डमी का टीकाकरण करेगा, फिर वैक्सीनेशन अधिकारी को-विन एप पर टीकाकरण को रिपोर्ट करेगा।

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