Tuesday, Jan 25, 2022
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फर्जी फेसबुक एकाउंट पर लडक़ी फंसाता था हनी ट्रैप में

  • Updated on 12/5/2021

फर्जी फेसबुक एकाउंट पर लडक़ी फंसाता था हनी ट्रैप में
- सेक्सटार्शन गैंग का भांडाफोड़, सरगना गिरफ्तार
-डेढ साल में 20 लोगों से लाखों वसूलने की बात स्वीकारी

नई दिल्ली/टीम डिजिटल।

दिल्ली पुलिस क्राइम ब्रांच ने सेक्सटार्शन गैंग का भांडाफोड़ करते हुए इसके सरगना नीरज को गिरफ्तार किया है। पता चला कि गैंग में दो युवती समेत छह सदस्य हैं। सरगना लडक़ी के नाम से फर्जी फेसबुक प्रोफाइल बनाकर लोगों को फ्रेंड रिक्वेस्ट भेजता था। फिर एक्सेप्ट करने वालों को अपने जाल में फंसाते थे। फिर सेक्सटॉर्शन में फंसाकर पीडि़तों से पांच से दस लाख रुपये वसूलता था। जांच में पता चला है कि गत डेढ़ साल में इस गैंग ने करीब 20 लोगों से लाखों रुपये वसूले हैं। आरोपी की पहचान बहादुरगढ़, हरियाणा निवासी नीरज  के रूप में हुई है। इसके पास से एक मोबाइल फोन, चार सिमकार्ड, एक डेबिट कार्ड, एक स्कूटी और ब्लैकमेल करने के लिए इस्तेमाल की गई हाथ से लिखी स्क्रिप्ट बरामद की गई है।

डीसीपी धीरज कुमार ने बताया कि 29 नवंबर को एक पीडि़त ने पश्चिम विहार थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। बताया था कि उन्हें हनी ट्रैप में फंसाकर कुछ लोगों ने तीन लाख वसूल लिए। 1.5 लाख उन्होंने नकद और शेष डेढ़ लाख बैंक खाते में ट्रांसफर किराए हैं। इसके बाद टीम बनाकर आरोपी की मैनुअल और टैक्निकल सर्विलांस के माध्यम से तलाश शुरू की। इसी दौरान सूचना के आधार पर टीम ने तीन दिसंबर को पीवीआर सिनेमा, सेक्टर-14, प्रशांत विहार, रोहिणी के पास से नीरज को पकड़ लिया गया। पूछताछ से पता चला कि आरोपितों ने अवैध गतिविधियों को चलाने के लिए पश्चिम विहार में किराए पर एक फ्लैट लिया हुआ था। वह पहले एक बैंक्वेट हॉल में बार टेंडर का काम करता था। इसका आपराधिक इतिहास रहा है। इसके खिलाफ हरियाणा में आम्र्स एक्ट के दो मामले पहले से दर्ज हैं।

लॉकडाउन के दौरान शुरू की थी यह गतिविधियां
नीरज लॉकडाउन से पहले गिरोह बनाकर अपनी गतिविधियां शुरू की थी। पहले ये लडक़ी के नाम से फेसबुक प्रोफाइल बनाकर लोगों को फ्रैंड रिक्वेस्ट भेजते थे। फ्रेंड रिक्वेस्ट एक्सेप्ट करने के बाद वे पीडि़त के साथ फेसबुक मैसेंजर के माध्यम से लडक़ी होने का नाटक करते थे। पीडि़त का मोबाइल नंबर मिलने के बाद उन्हें लुभाने के लिए वे अश्लील सामग्री भेजना शुरू कर देते थे। गिरोह की महिला सदस्य पीडि़त को लुभाने के लिए वीडियो कॉल करती थी। आरोपित बार-बार पीडित से बात कर पता लगा लेते थे कि वे कितने पैसे वाले हैं। इसके बाद गिरोह की महिला सदस्य पीडि़त को यौन गतिविधि के लिए आमंत्रित करती थी। पुलिस अधिकारी का कहना है कि इस तरह की घटनाएं इन दिनों काफी तेजी से हो रही हैं। सेक्सटार्शन के धंधे से जुड़े आरोपित भोले भाले लोगों को निशाना बना रहे हैं। अधिकतर पीडि़त शिकायत करने से बचने हैं क्योंकि उन्हें सामाजिक कलंक का डर होता है।

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