Sunday, Sep 19, 2021
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मुकेश अंबानी को तिहाड़ जेल से फोन पर कैसे दी गई धमकी? सत्येंद्र जैन ने दिए जांच के आदेश

  • Updated on 3/12/2021

नई दिल्ली/टीम डिजिटल। मुंबई में मुकेश अंबानी (Mukesh Ambani) के घर एंटीलिया के पास खड़ी एसयूवी में मिले विस्फोटक और उसके बाद टेलिग्राम एप के जरिए दी गई धमकी के तार तिहाड़ से जुड़े हैं। इस मामले में अब दिल्ली के गृह मंत्री सत्येंद्र जैन (Satyendar jain) ने जांच के आदेश दिए हैं। उन्होंने कहा है कि मैंने जांच का आदेश दिया है। जो भी दोषी पाया जाएगा उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। मैंने महानिदेशक (जेल) को लिखा है कि इस बात की ठीक से जांच की जानी चाहिए कि जेल के अंदर फोन कैसे मिला? 

इस संबंध में मुंबई पुलिस की एसआईटी टीम ने दिल्ली स्पेशल सेल को यह जानकारी दी है। जिस पर दिल्ली पुलिस ने इसकी जांच शुरू कर दी है। इसके बाद गुरुवार शाम को तिहाड़ जेल में छापेमारी की गई। सुरक्षा एजेंसियों ने इंडियन मुजाहिद्दीन के आतंकी तहसीन अख्तर की बैरक से मोबाइल बरामद कर लिया है। मोबाइल को सीज कर दिया गया है। इसी मोबाइल से टेलिग्राम के जरिए धमकी भरा संदेश मुकेश अंबानी को भेजा गया था। 

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जैश उल हिंद ने टैलिग्राम से भेजा था संदेश
बता दें कि उद्योगपति मुकेश अंबानी के घर के बाहर 25 फरवरी को एसयूवी कार में विस्फोटक जिलेटिन की छड़े बरामद हुई थी और उसके बाद एक टेलीग्राम नंबर के जरिए धमकी भी दी गई थी जिसे जैश उल हिंद ने बनाया था। दिल्ली पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि स्पेशल सीपी सेल को मुंबई पुलिस ने एक पत्र के माध्यम से बताया कि उनकी जांच में सामने आया है कि जिस टेलीग्राम एप से जैश उल हिंद ने जिलेटिन रखने की जिम्मेदारी ली थी वह तिहाड़ जेल में बना था।

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फोन के माध्यम से किया गया इंटरनेट का प्रयोग
मुंबई पुलिस ने पत्र में लिखा था कि वह किसने बनाया इसकी जांच सुनिश्चित की जाए। मुंबई पुलिस ने एनआईए सहित दिल्ली पुलिस को बताया कि तकनीकी जांच और विश्लेषण में पाया गया कि इस मामले में फोन के माध्यम से इंटरनेट का प्रयोग किया गया था। इस संबंध में आईटी जांच के मुताबिक मेल 26 फरवरी को भेजा गया था। इंटरनेट मीडिया टेलीग्राम ग्रुप के माध्यम से मेल भेजा गया था। बता दें कि गृह मंत्रालय के आदेशों के बाद इस मामले को  राष्ट्रीय अन्वेषण अभिकरण (एनआईए) ने  अपने हाथों में ले लिया था।

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