Thursday, Aug 11, 2022
-->
Auto, taxi, minibus people will be on strike to protest against  rising prices of CNG, Petrol, Diesel

सीएनजी, पेट्रोल, डीजल की बढ़ती कीमतों के विरोध में हड़ताल पर रहेंगे ऑटो, टैक्सी, मिनी बस वाले

  • Updated on 4/17/2022

नई दिल्ली/टीम डिजिटल। दिल्ली में ऑटो, टैक्सी और मिनी बस चालकों के कई संगठन सोमवार से दो दिवसीय को हड़ताल पर रहेंगे। सप्ताह का पहला कामकाजी दिन होने के चलते हड़ताल से यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। विभिन्न यूनियन किराया दरों में बढ़ोतरी और सीएनजी की कीमतों में कमी किए जाने की मांग कर रही हैं। अधिकतर संगठनों ने कहा कि वे एक दिवसीय हड़ताल पर रहेंगे। 
           राजधानी की एक एसोसिएशन सर्वोदय ड्राइवर एसोसिएशन ने कहा है कि वह सोमवार से अनिश्चितकालीन हड़ताल पर रहेगी। दिल्ली सरकार द्वारा समयबद्ध तरीके से किराया संशोधन पर विचार करने के लिए एक समिति बनाने की घोषणा किए जाने के बावजूद संगठनों ने हड़ताल पर जाने का फैसला किया है। एसोसिएशन के अध्यक्ष कमलजीत गिल ने कहा, ईंधन की कीमतों में कमी और किराए में संशोधन कर हमारी मदद के लिए सरकार द्वारा कोई कदम न उठाए जाने पर हमने सोमवार से अनिश्चितकालीन हड़ताल पर जाने का फैसला किया है। 
        दिल्ली ऑटो रिक्शा संघ के महासचिव राजेंद्र सोनी ने कहा, हम जानते हैं कि दिल्ली सरकार कोई समिति बना रही है लेकिन हमें अपनी समस्याओं का समाधान चाहिए जो नजर नहीं आ रहा है। हमारी मांग है कि सरकार (केंद्र और दिल्ली) सीएनजी की कीमतों पर 35 रुपये प्रति किलोग्राम की सब्सिडी प्रदान करे।    सीएनजी की कीमतों पर सब्सिडी की मांग को लेकर सैकड़ों ऑटो, टैक्सी और कैब चालकों ने हाल ही में दिल्ली सचिवालय पर विरोध प्रदर्शन किया था। 
       जनशक्ति तिपहिया टैक्सी चालक संघ के वीर सिंह चौहान ने कहा कि हम हर रोज घाटे में चल रहे अपने ऑटो और कैब नहीं चला सकते क्योंकि सीएनजी की कीमतें सरपट दौड़ रही हैं।  कीमतों में बढ़ोतरी का विरोध करने के लिए यह एक प्रतीकात्मक विरोध है लेकिन सरकार मान गई है इसलिए हम हड़ताल में शामिल नहीं है। वहीं राजेंद्र सोनी ने कहा कि सरकार फिटनेस पर लगाई जाने वाली क्लास की व्यवस्था भी समाप्त करे। बता दें कि दिल्ली में करीबन 90 हजार ऑटो और 80 हजार से पंजीकृत टैक्सी हैं। एसटीए ऑपरेटर्स एकता मंच के महासचिव श्यामलाल गोला ने कहा कि किराए में संशोधन और सीएनजी की कीमतें घटाए जाने की मांग के समर्थन में लगभग 10 हजार आरटीवी बसें भी बंद रहेंगी। 
 

comments

.
.
.
.
.