Monday, Aug 02, 2021
-->
9th and 11th class results declared in delhi djsgnt

दिल्ली में 9वीं-11वीं कक्षा के रिजल्ट घोषित, इतने प्रतिशत बच्चे हुए सफल

  • Updated on 6/23/2021

नई दिल्ली/टीम डिजिटल। दिल्ली सरकार(Delhi Government) के स्कूलों में मंगलवार को 9वीं और 11वीं कक्षा के वार्षिक रिजल्ट की घोषणा कर दी गई। पहली बार विद्यार्थी अपना रिजल्ट शिक्षा निदेशालय की आधिकारिक वेबसाइट  पर भी देख सकते हैं। इस बार स्कू लों ने अपने विद्यार्थियों को व्हाट्सएप और एसएमएस के माध्यम से भी रिजल्ट भेजा है। सत्र 2020-21 में कक्षा 9वीं में लगभग 2.58 लाख विद्यार्थी पंजीकृत थे जिनमें से 2.45 लाख विद्यार्थियों ने मिडटर्म परीक्षाएं दी। रिजल्ट का आधार मिडटर्म और इंटरनल असेसमेंट रहे हैं। इस आधार पर 9वीं के 1.97 लाख विद्यार्थी प्रमोट हुए हैं। 9वीं कक्षा का पास प्रतिशत इस बार 80.3 रहा है। पिछले साल मुख्य परीक्षा में 65 फीसद ब'चे पास हुए थे लेकिन प्रोजेक्ट बेस्ड री-असेसमेंट के बाद रिजल्ट बढक़र 85 फीसद हो गया था।

12वीं की मूल्यांकन संबंधी सभी याचिकाएं सुप्रीम कोर्ट ने की खारिज, CBSE, CISCE की नीति को मंजूरी

11वीं में 96.9 फीसद रहा रिजल्ट
वहीं 11वीं में कुल 1.70 लाख विद्यार्थियों ने पंजीकरण कराया था। जिसमें से 1.69 लाख बच्चे परीक्षा में शामिल हुए और 1.65 लाख विद्यार्थी उत्तीर्ण हुए हैं। 11वीं में रिजल्ट प्रतिशत 96.9 फीसद रहा है। अकादमिक 2019-20 में कंपार्टमेंट परीक्षा के बाद 99.25 फीसद विद्यार्थी उतीर्ण हुए थे। इस कक्षा के रिजल्ट का आधार भी मिडटर्म परीक्षा और प्रोजेक्ट/प्रैक्टिकल असेसमेंट रहे हैं।

CBSE ने 12वीं कक्षा के परिणाम की गणना में स्कूलों की मदद के लिए बनाया पोर्टल

पिछले वर्ष का फार्मूला किया गया एप्लाई 
गौरतलब है कि 2020-21 सत्र में कक्षा 9वीं में सामाजिक अध्ययन और तीसरी भाषा की परीक्षाएं और कक्षा 11वीं में भूगोल और बिजनेस स्टडीज की मिडटर्म परीक्षाओं का आयोजन नहीं हो पाया था। लिहाजा इन विषयों में विद्यार्थियों को उनके दो सर्वश्रेष्ठ अंकों वाले विषयों में प्राप्त औसत अंक प्रदान किए गए। यही फार्मूला उन विषयों के लिए भी लगाया गया, जिसकी परीक्षा विद्यार्थियों ने नहीं दी थी।

15 अगस्त से 15 सितम्बर के बीच CBSE मांगेगा 12वीं के रिजल्ट से असंतुष्ट छात्रों के आवेदन

अनुत्तीर्ण विद्यार्थियों के लिए प्रोजेक्ट बेस्ड री असेसमेंट किया जाएगा
मिडटर्म परीक्षा में कक्षा 9वीं के लगभग 12500 और कक्षा 11वीं में 3500 ऐसे विद्यार्थी थे जिन्होंने एक भी परीक्षा में भाग नहीं लिया है। ऐसे सभी विद्यार्थियों जिन्होंने परीक्षा नहीं दी थी या वो जो अनुत्तीर्ण रहे हैं उनके लिए प्रोजेक्ट बेस्ड री-असेसमेंट किया जाएगा जो क्लास बेस्ड असाइनमेंट या प्रोजेक्ट वर्क के आधार पर होगा। इससे संबंधित जानकारियां बहुत जल्द शिक्षा निदेशालय के आधिकारिक वेबसाइट पर अपलोड कर दी जाएगी।  

comments

.
.
.
.
.