even-in-modern-times-the-faith-of-people-is-not-going-through-superstition

आधुनिक समय में भी अंधविश्वास से नहीं उठ रहा है लोगों का भरोसा

  • Updated on 10/10/2019

नई दिल्ली/ टीम डिजिटल। समय की मांग ऐसी है कि भारत चांद पर जाने के लिए चंद्रयान उड़ा रहा है। लेकिन दूसरी तरफ देश का एक वर्ग ऐसा भी है जो अब भी अंधविश्वास पर पूरा विश्वास कर रहा है। सीआईएमबीएस द्वारा जारी एक रिपोर्ट बहुत ही हैरान करने वाली है।

world mental health day: इन कारणों से लोगों को होता है मानसिक तनाव, यहां देखें लक्षण

दरअसल, विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस के अवसर पर कासमोस इंस्टीट्यूट ऑफ मेंटल हेल्थ एंड बिहेवियरल साइंसेस द्वारा जारी रिपोर्ट में बताया गया है कि 44 फीसदी मानसिक रोगी इलाज की जगह तांत्रिक और नीम-हकीम का सहारा ले रहे हैं। इसके अलावा संस्था की कई रिपोर्ट ऐसी हैं जो बहुत ही चिंताजनक है।

दीपिका पादुकोण विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस के मौके पर शुरू करेंगी नई पहल

रिपोर्ट में बताया गया है, 26 फीसदी मानसिक रोगी ऐसे हैं जिनके अपने घर से 50 किलोमीटर की दूरी तक कोई चिकित्सीय सुविधा नहीं है। संस्था ने यह सर्वे 10 हजार से अधिक लोगों से पूछकर जारी किया है। उत्तर भारत के दिल्ली, यूपी, उत्तराखंड, पंजाब, हिमाचल, जम्मू और हरियाणा के 10,233 लोगों को इस अध्ययन में शामिल किया गया है।

फोर्टिस के पूर्व प्रमोटर शिविन्दर को फ्रॉड केस में पुलिस ने किया गिरफ्तार

संस्था के निदेशक डॉ. सुनील मित्तल ने बुधवार को रिपोर्ट पेश करते हुए कहा, आज भी लोग मानसिक रोगों को लेकर तांत्रिकों एवं बाबाओं के पास जाते हैं। इन बीमारियों को लेकर जागरुकता का अभाव एवं मानसिक स्वास्थ्य सुविधाओं का सुलभ नहीं हो पाना, इनके बढ़ने की प्रमुख वजह हैं।

comments

.
.
.
.
.