Monday, Nov 28, 2022
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नमाज के बाद अब ग्रेटर नोएडा में रोकी गई श्रीमद्भागवत कथा, मचा बवाल

  • Updated on 12/27/2018

नई दिल्ली/टीम डिजिटल। नोएडा में नमाज विवाद लगातार तूल पकड़ता जा रहा है। ताजा विवाद में नोएडा में सार्वजनिक स्थान पर जुमे की नमाज पढऩे को लेकर विवाद शुरू हुआ। इस विवाद की जड़ में थाना सेक्टर-58 पुलिस का एक नोटिस जारी होना है।

पुलिस ने सेक्टर-58 की बी-ब्लॉक स्थित एक दर्जन से अधिक कंपनियों को भेजा है, जिनके मुस्लिम कर्मचारी जुमे की नमाज अदा करने के लिए शुक्रवार को उस पार्क में आते हैं।

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नोटिस में कहा गया कि वह अपनी कंपनियों के मुस्लिम कर्मचारियों को पार्क में नमाज अदा करने से रोकें अगर इसके बाद भी वह पार्क में नमाज अदा करने के लिए आते हैं तो इसके लिए कंपनी व्यक्तिगत तौर पर जिम्मेदार होगी और उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।

इस नोटिस के बाद मुस्लिम संगठनों व कंपनी के मुस्लिम कर्मचारियों में आक्रोश है। इस सख्त आदेश के बाद इस विवाद में एक और मोड़ आ गया है जब ग्रेटर नोएडा में भी सार्वजनिक स्थान पर किए जा रहे धार्मिक आयोजन को रोक दिया गया।

प्राधिकरण को मामले की सूचना मिलते ही प्राधिकरण के अतिक्रमण हटाओ दस्ते के साथ अधिकारी मौके पर पहुंचे और भागवत कथा के आयोजन के लिए लगाए गए पंडाल को हटा दिया। हालांकि इस दौरान आयोजनकर्ताओं और प्राधिकरण के दस्ते में मौजूद अधिकारियों और कर्मचारियों के बीच जमकर नोंकझोंक हुई।

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भागवत कथा से पूर्व निकाली गई कलश यात्रा में बड़ी संख्या में महिलाएं शामिल हुईं, जिन्होंने मौके पर जमकर हंगामा एवं विरोध प्रदर्शन किया। प्राधिकरण के अधिकारियों का कहना था कि जिस जमीन पर धार्मिक आयोजन किया जा रहा था, वह प्राधिकरण की जमीन है। आयोजनकर्ता बिना तय प्रक्रिया का पालन किए ही जमीन पर आयोजन कर रहे थे।

इसके लिए पूर्व मेें प्राधिकरण से भी स्वीकृति नहीं ली गई थी। बाद में आयोजनकर्ताओं ने जिला प्रशासन से भागवत कथा के आयोजन के लिए स्वीकृति प्राप्त करने के लिए लिखित आवेदन किया है। ग्रेटर नोएडा सिटी मजिस्ट्रेट ने पुलिस तथा ग्रेटर नोएडा औद्योगिक विकास प्राधिकरण से इस संबंध में रिपोर्ट मांगी है।  

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आरडब्ल्यूए की राजनीति में फंसी कथा
स्थानीय लोगों के अनुसार सारा विवाद आरडब्ल्यूए की राजनीति के चलते पैदा हुआ। सेक्टर-37 में पूर्व से ही एक आडब्ल्यूए सक्रिय है। हाल ही में आरडब्ल्यूए में गुटबाजी हुई थी, जिसके कारण इस सेक्टर में दूसरे आरडब्ल्यूए का कुछ लोगों ने गठन कर लिया था।

इस बार सेक्टर में भागवत कथा का आयोजन दूसरा आरडब्ल्यूए आयोजित करा रहा था। हिन्दू युवा वाहिनी के जिलाध्यक्ष चैनपाल प्रधान ने भी इस बात को स्वीकार किया है कि सेक्टर के आरडब्ल्यूए की गुटबाजी में भागवत कथा का आयोजन अटक गया है।

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इस बारे में सी ओ निशांक शर्मा ने कहा कि यह प्राधिकरण के अधिकार क्षेत्र का मामला है। इस बारे में मुझे कोई जानकारी नहीं है। हां शाम को ग्रेटर नोएडा सिटी मजिस्ट्रेट गुंजा सिंह ने इस संबंध में रिपोर्ट मांगी है।     

वहीं एसडीएम सदर राजपाल सिंह ने कहा कि भागवत कथा के आयोजकों ने सिटी मजिस्ट्रेट के पास आयोजन के लिए लिखित में आवेदन किया था। सिटी मजिस्ट्रेट ने पुलिस तथा ग्रेटर नोएडा औद्योगिक विकास प्राधिकरण से इस संबंध में रिपोर्ट मांगी है। रिपोर्ट आने के बाद इस संबंध में आगे की कार्रवाई पर विचार किया जाएगा।

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