Thursday, Jan 20, 2022
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माउथवॉश से निष्क्रिय हो सकता है कोरोना वायरस, रोजाना इस्तेमाल करने से होगा ये फायदा...

  • Updated on 10/21/2020

नई दिल्ली/टीम डिजिटल। मुंह की अंदरूनी सफाई के लिए इस्तेमाल की जाने वाली एंटीसेप्टिक दवाएं कोरोना वायरस (Corona virus) को खत्म कर सकती हैं। साथ ही यह दवाएं कोरोना वायरस को फैलने से रोकने में भी सहायक हो सकती है। इस बारे में हुई हालिया एक स्टडी में यह पता चला है। 

मेडिकल वायरोलॉजी की मैगजीन में प्रकाशित इस स्टडी में कहा गया है कि माउथवाश और इसी तरह की एंटीसेप्टिक दवाएं कोरोना वायरस को नष्ट करने में सहायक हैं। ये दवाएं संक्रमण के बाद मुंह में वायरल लोड, यानी वायरस की मात्रा को कम करने के लिए काफी उपयोगी हो सकते हैं। 

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बेअसर करने की क्षमता
इस बारे में अमेरिका में पेन स्टेट कॉलेज ऑफ मेडिसिन के शोधकर्ताओं ने कोरोना वायरस को नष्ट करने के लिए इन माउथवाश और नेजोफेरिंजियल रिन्ज की जांच की है। इस जांच को करने वाली टीम ने बताया है कि इन एंटीसेप्टिक दवाओं में से कई में कोरोना वायरस को बेअसर करने की खास क्षमता देखी गई है। 

इसी आधार पर कहा जा सकता है कि ये प्रोडक्ट कोरोना संक्रमित लोगों में वायरस को अधिक फैलने से रोक सकते हैं। या इन दवाओं के इस्तेमाल से कोरोना को फैलने से रोका जा सकता है। 

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रोकथाम पहले जरूरी 
इस बारे में पेन स्टेट कॉलेज ऑफ मेडिसिन के प्रोफेसर क्रेग मेयर्स का कहना है कि हम कोरोना वैक्सीन के आने का इंतज़ार कर रहे हैं लेकिनी इससे बेहतर है कि हम उसके बचाव और उसक रोकथाम के बारे में सोचें। उसके प्रसार के तरीकों को कम करने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि जिन प्रोडक्ट पर हमने टेस्ट किए हैं वो हमारे रूटीन लाइफ में इस्तेमाल किये जाते हैं।

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दोबारा हो सकता है कोरोना 
ऑक्सफ़ोर्ड यूनिवर्सिटी (Oxford University) की एक स्टडी से पता चला है कि कोरोना से ठीक होने के बाद भी कुछ मरीजों में महीनों तक लक्षण नजर आते रहते हैं। इस अध्ययन के अनुसार, जिन कोरोना के मरीजों को अस्पताल से छुट्टी मिल गई है उन्हें अगले दो-तीन महीने तक सांस लेने में तकलीफ, बदन दर्द, कमजोरी और तनाव जैसी समस्याएं होती रहेंगी।

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