Monday, Dec 05, 2022
-->
army chief general naravane met senior military authorities of south korea sohsnt

सेना प्रमुख नरवणे ने दक्षिण कोरिया के शीर्ष सैन्य प्राधिकारियों से की वार्ता, इन मुद्दों पर दिया जोर

  • Updated on 12/29/2020

नई दिल्ली/ टीम डिजिटल। पूर्वी लद्दाख में सीमा विवाद को लेकर चीन से जारी गतिरोध के बीच सेना प्रमुख जनरल एम एम नरवणे (MM Naravane) ने बीते सोमवार को दक्षिण कोरिया (South Korea) के शीर्ष सैन्य प्राधिकारी के साथ कई अहम मुद्दों पर वार्ता की। नरवणे दक्षिण कोरिया की तीन दिन की यात्रा पर हैं। भारतीय सेना (Indian Army) के किसी प्रमुख की यह दक्षिण कोरिया पहली यात्रा है।

सऊदी अरब में महिला अधिकारों के लिए लड़ने वाली लुजैन को हुई 6 साल की जेल

रणनीतिक और रक्षा सहयोग को लेकर हुई वार्ता
अधिकारियों से मिली जानकारी के अनुसार, सेना प्रमुख जनरल नरवणे ने सियोल में राष्ट्रीय रक्षा मंत्री सुह वूक, ज्वाइंट चीफ्स ऑफ स्टाफ जनरल चेयरमैन वोन इन चौल और मिनिस्टर ऑफ डिफेंस एक्वीजीशन प्लैंनिंग एडमिनिस्ट्रेशन गैंग यून हो के साथ बातचीत की। उन्होंने कहा कि वार्ता का मुख्य उद्देश्य दोनों देशों के बीच रणनीतिक और रक्षा सहयोग को और मजबूत करना है।

बढ़ती गर्मी ला सकती है तेज भूकंप, इस नए अध्ययन में हुआ यह बड़ा खुलासा, पढ़ें रिपोर्ट

भारतीय सेना के किसी प्रमुख की ये पहली यात्रा
बता दें कि भारतीय सेना के किसी प्रमुख की यह दक्षिण कोरिया प्रथम यात्रा है। अधिकारियों ने बताया कि दक्षिण कोरिया भारत को सैन्य सामान और हथियारों की आपूर्ति करने वाला एक प्रमुख देश है। जनरल नरवणे ने सियोल में देश के युद्ध स्मारक और राष्ट्रीय कब्रिस्तान जाकर शहीद हुए नायकों को श्रद्धांजलि अर्पित करके अपने दौरे की शुरुआत की।

अलकायदा से जुड़े असम के बाल सुधार गृह, तुर्की के NGO से मिल रहे थे फंड

आपसी हित और रक्षा सहयोग के मुद्दों पर चर्चा
सेना ने ट्वीट कर लिखा, 'कोरिया गणराज्य में भारतीय सेना के किसी सीओएएस की पहली यात्रा के दौरान जनरल एम एम नरवणे सीओएएस ने राष्ट्रीय रक्षा मंत्री महामहिम सुह वूक से बातचीत की और आपसी हित और रक्षा सहयोग के मुद्दों पर चर्चा की।’ सेना प्रमुख नरवणे गैंगवॉन प्रांत में ‘कोरिया कॉम्बैट ट्रेनिंग सेंटर’ और डेयजोन में ‘एजेंसी डिफेंस डेवलपमेंट' का भी दौरा करेंगे।

PAK के पहाड़ों में रहती है ऐसी आबादी, जो कोरोना से पहले से ही अपना रही सामाजिक दूरी

विदेश मंत्री ने बीते रविवार को की कतर यात्रा
उधर, भारत के विदेश मंत्री एस जयशंकर (S Jaishankar) बीते रविवार को कतर यात्रा पर रहे, उन्होंने यहां व्यापार जगत की दिग्गज हस्तियों से वर्ता की और भारत में निवेश के अवसरों को रेखांकित किया। साथ ही उन्होंने दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय साझेदारी को मजबूत करने के लिए प्रतिबद्धता की प्रशंसा की। दरअसल, जयशंकर खाड़ी देश की दो दिवसीय यात्रा पर थे जब उन्होंने कतर की यात्रा की।

बलूचिस्तान में 7 पाकिस्तानी सैनिकों की मौत, इमरान ने भारत पर कहीं ये बात

आत्मनिर्भर भारत के तहत नए अवसरों के बारे में दी जानकारी
विदेश मंत्री एस जयशंकर ने भारत-कतर व्यापार गोलमेज सम्मेलन से अपनी यात्रा शुरू की। उन्होंने ट्वीट किया, 'व्यापार साझेदारी को मजबूत करने के लिए प्रतिबद्धता की सराहना की। उन्हें आत्मनिर्भर भारत के तहत नए अवसरों के बारे में जानकारी दी। शेख खलीफा और शेख फैसल, क्यूसीसीआई (कतर चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री) और क्यूबीए (कतरी बिजनेस एसोसिएशन) के अध्यक्षों को धन्यवाद।'

ये पढ़ें अन्य बड़ी खबरें...

Hindi News से जुड़े अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें फेसबुक पर ज्वॉइन करें, ट्विटर पर फॉलो करें।हर पल अपडेट रहने के लिए NT APP डाउनलोड करें। ANDROID लिंक और iOS लिंक।

comments

.
.
.
.
.