Monday, Sep 21, 2020

Live Updates: Unlock 4- Day 21

Last Updated: Mon Sep 21 2020 08:46 AM

corona virus

Total Cases

5,485,612

Recovered

4,392,650

Deaths

87,909

  • INDIA7,843,243
  • MAHARASTRA1,188,015
  • ANDHRA PRADESH625,514
  • TAMIL NADU536,477
  • KARNATAKA494,356
  • UTTAR PRADESH354,275
  • ARUNACHAL PRADESH325,396
  • NEW DELHI246,711
  • WEST BENGAL225,137
  • BIHAR180,788
  • ODISHA175,550
  • TELANGANA171,306
  • ASSAM155,453
  • KERALA131,027
  • GUJARAT123,337
  • RAJASTHAN113,124
  • HARYANA111,257
  • MADHYA PRADESH103,065
  • PUNJAB97,689
  • CHANDIGARH70,777
  • JHARKHAND69,860
  • JAMMU & KASHMIR62,533
  • CHHATTISGARH52,932
  • UTTARAKHAND27,211
  • GOA26,783
  • TRIPURA21,504
  • PUDUCHERRY18,536
  • HIMACHAL PRADESH9,229
  • MANIPUR7,470
  • NAGALAND4,636
  • ANDAMAN AND NICOBAR ISLANDS3,426
  • MEGHALAYA3,296
  • LADAKH3,177
  • DADRA AND NAGAR HAVELI2,658
  • SIKKIM1,989
  • DAMAN AND DIU1,381
  • MIZORAM1,333
Central Helpline Number for CoronaVirus:+91-11-23978046 | Helpline Email Id: ncov2019 @gov.in, ncov219 @gmail.com
celebrities request reconsideration of sc contempt proceedings prashant bhushan rkdsnt

मशहूर हस्तियों ने की प्रशांत भूषण के खिलाफ अवमानना कार्यवाही पर पुनर्विचार की गुजारिश

  • Updated on 7/27/2020


नई दिल्ली/ टीम डिजिटल। सुप्रीम कोर्ट के पूर्व न्यायाधीश मदन लोकूर और लेखिका अरून्धती राय सहित 130 से ज्यादा प्रबुद्ध नागरिकों और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने अधिवकता प्रशांत भूषण के खिलाफ शुरू की गयी न्यायालय की अवमानना की कार्यवाही पर फिर से विचार करने का अनुरोध उच्चतम न्यायालय से किया है। 

भाकपा सांसद बोले- अयोध्या में धार्मिक समारोह का दूरदर्शन पर नहीं हो प्रसारण

शीर्ष अदालत ने प्रशांत भूषण के न्यायपालिका के प्रति कथित अपमानजनक टविट्स के मामले में उन्हें 22 जुलाई को स्वत: ही अवमानना की कार्यवाही शुरू करने के बारे में नोटिस जारी किया था। न्यायालय ने इस मामले में अटार्नी जनरल के के वेणुगोपाल से सहयोग करने का भी अनुरोध किया था। 

कोरोना से निपटने के लिए बंगाल की पूरी बकाया राशि दे मोदी सरकार : ममता

भूषण के साथ एकजुटता प्रर्दिशत करते हुये कुछ पूर्व न्यायाधीशों, पूर्व नौकरशाहों, पूर्व राजनयिकों के साथ ही चुनिन्दा नेताओं और कार्यकर्ताओं ने बयान जारी किया है जिसमें कहा गया है कि भूषण के खिलाफ शुरू की गयी अवमानना की कार्यवाही इस तरह की आलोचना का गला दबाने का प्रयास लगता है। 

मोदी सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में पीएम केयर्स फंड का किया बचाव

बयान में कहा गया है कि न्याय और निष्पक्षता के हित तथा शीर्ष अदालत की गरिमा बनाये रखने के लिये हम न्यायालय से अनुरोध करते हैं कि वह प्रशांत भूषण के खिलफ स्वत: ही अवमानना की कार्यवाही शुरू करने के फैसले पर फिर से विचार करे। इस बयान पर जस्टिस लोकूर और राय के साथ ही पूर्व नौसेना अध्यक्ष एडमिरल रामदास, कम्यनुस्ट पार्टी के महासचिव डी राजा,सामाजिक कार्यकर्ता हर्ष मंदर ओर पत्रकार पी साईनाथ ने भी हस्ताक्षर किये हैं। 

शेयर बाजार : NPA बढ़ने की आशंका में HDFC समेत बैंक शेयरों में गिरावट

बयान में कहा गया है कि प्रशांत भूषण लगातार समाज के कमजोर वर्गो के अधिकारों के लिये संघर्ष करते आ रहे हैं और उन्होंने अपना जीवन उन लोगों को कानूनी सहायता उपलब्ध कराने में लगा दिया जो सहजता से न्याय प्राप्त करने में सक्षम नहीं थे।

राज्यपालों ने बार बार संविधान की मूल भावना का उल्लंघन किया : चिदंबरम

 

 

 

 

 

यहां पढ़ें कोरोना से जुड़ी महत्वपूर्ण खबरें...

Hindi News से जुड़े अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें फेसबुक पर ज्वॉइन करें, ट्विटर पर फॉलो करें।हर पल अपडेट रहने के लिए NT APP डाउनलोड करें। ANDROID लिंक और iOS लिंक।
comments

.
.
.
.
.