Monday, Dec 06, 2021
-->
chest-x-ray covid-positive-kgmu-develops-artificial-intelligence-porgramme prsgnt

Good News: सीने के एक्स-रे को देखकर हो सकेगी कोरोना मरीज की पहचान, केजीएमयू को मिली बड़ी कामयाबी

  • Updated on 5/10/2020

नई दिल्ली/टीम डिजिटल। कोरोना वायरस से लड़ने के लिए पूरा देश के साथ है और इससे लड़ने के लिए हर संभव प्रयास करने में जुटा है। इसी कड़ी में लखनऊ के किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (केजीएमयू) और अब्दुल कलाम टेक्निकल यूनिवर्सिटी ने मिलकर आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की मदद से एक प्रोग्राम बनाया गया है। जिससे चेस्ट यानी छाती का एक्स-रे देखकर यह पता लगाया जा सकेगा कि मरीज कोरोना से ग्रस्त है या नहीं।

भारत में कोरोना संकट को कम करेगी फेवीपिरवीर दवा! शुरू हुआ देश में दवा का ट्रायल

इस काम को शुरू कर दिया गया है। इसके लिए यूपी के सबसे बड़े केजीएमयू अस्पताल ने प्रदेश के तमाम जिलों से कोरोना संक्रमित मरीजों की छाती का एक्स-रे मंगाए है और इसपर काम शुरू कर दिया गया है और यह जल्दी ही क्लीनिकल ट्रायल में जाएगा।

इस बारे में लखनऊ के केजीएमयू अस्पताल की तरफ से एक प्रेस कॉन्फ्रेंस कर इसकी जानकारी दी गई है।
इस प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया गया है कि चीन और अमेरिका के बाद केजीएमयू जल्द ही एक्स-रे देखकर कोरोना संक्रमित मरीजों की पहचान करेगा।

भारत में कोरोना वायरस के 100 दिन हुए पूरे, जानिए बाकी देशों की तुलना में कहां खड़ा है भारत

एक्स-रे से ना सिर्फ कोरोना के मरीजों का पता चलेगा बल्कि इसको देखकर फेफड़े के संक्रमण की स्टेज भी पता लगेगी, इससे यह भी पता लगाया जा सकेगा कि मरीज कब और कितनी जल्दी ठीक हो सकता है।

बता दें, चीन ने भी इस तकनीक को अपनाया था, चीन में जब रैपिड टेस्ट कम हो रहे थे तो आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस को इस तरीके से इस्तेमाल किया गया था जो काफी कारगार साबित हुआ था। इस मॉडल में कोरोना के रोगियों की पहचान करने का काम अमेरिका, ब्रिटेन, चीन और कुछ अन्य देशों भी कर रहे हैं और अब जल्द ही भारत में केजीएमयू में यह तकनीक काम करना शुरू करेगी।

यहां पढ़ें कोरोना से जुड़ी महत्वपूर्ण खबरें...

Hindi News से जुड़े अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें फेसबुक पर ज्वॉइन करें, ट्विटर पर फॉलो करें।हर पल अपडेट रहने के लिए NT APP डाउनलोड करें। ANDROID लिंक और iOS लिंक।

comments

.
.
.
.
.