Tuesday, Dec 06, 2022
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congress leader abhishek manu singhvi against ban on rss amid social media compaign rkdsnt

RSS को प्रतिबंधित करने के खिलाफ हैं कांगेस नेता अभिषेक मनु सिंघवी

  • Updated on 5/3/2020

नई दिल्ली/टीम डिजिटल। भाजपा के मातृ संगठन राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ पर बैन लगाने को लेकर सोशल मीडिया में हैशटैग के साथ अभियान चल पड़े हैं। इसके साथ ही इस्लामी देशों में भी आरएसएस को बैन करने की आवाजें उठ रही हैं। इसको लेकर कांगेस के वरिष्ठ नेता अभिषेक मनु सिंघवी ने भी अपनी राय जाहिर की है। संघ के विचारों के साथ मतभेद के बावजूद वह उस पर प्रतिबंध लगाने के खिलाफ हैं। बता दें कि संघ पर पहले भी दो बार बैन लगाया जा चुका है।

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अपने ट्वीट में सिंघवी लिखते हैं, 'आर्थिक परिदृष्य को ध्यान में रखते हुए भारत को अति लेफ्ट और राइट विचारों की जरूरत है। इसी तरह गैर हिंदू और हिंदू विचारों की जरूरत है। इसलिए आरएसएस पर प्रतिबंध नहीं लगाया जा सकता है। यह जरुरी है कि सभी तरह के लोग हमें सच्चे अर्थों में बहुलवादी बनाएं। आरएसएस पर बैन से असहमत हूं। उतना ही जितना आरएसएस के बहुत से विचारों से।' 

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बता दें कि सोशल मीडिया में जिस तरह से मुस्लिम समुदाय के खिलाफ नफरत भरे विचार देखने को मिल रहे हैं, उससे इस्लामी देशों में भारत की छवि पर विपरीत असर पड़ रहा है। मुस्लिमों के साथ भेदभावपूर्ण कुछ वीडियो को लेकर मोदी सरकार और संघ पर भी निशाना साधा जा रहा है। हालांकि दोनों ने ही हाल ही में अपने रुख को साफ किया है कि भारत में किसी के साथ कोई भेदभाव नहीं हो रहा है। 

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संघ प्रमुख मोहन भागवत ने भी अपने कार्यकर्ताओं को कोरोना संक्रमण में बिना भेदभाव के काम करने का आह्वान किया है। वहीं पीएम मोदी ने भी अपने ट्वीट में कहा है कि कोरोना वायरस किसी जाति-धर्म को देकर हमला नहीं करता है। इस सब के बावजूद यूपी के दो विधायकों के वीडियो वायरल हुए हैं, जिसमें मुस्लिमों के खिलाफ रोष देखा जा सकता है। इससे संदेश जा रहा है कि संघ और पीएम मोदी की बातें खुद उनके ही नेता गंभीरता से नहीं ले रहे हैं। वहीं देश-विदेश में भी छवि धूमिल होने का मौका मिल रहा है। 

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