Wednesday, Jun 26, 2019

सिंधिया की अगुवाई में कांग्रेस की रिव्यू मीटिंग में कार्यकर्ताओं का हंगामा

  • Updated on 6/11/2019

नई दिल्ली/ टीम डिजिटल। लोकसभा चुनाव 2019 (loksabha election 2019) में कांग्रेस (congress) की करारी हार के बाद पार्टी में गुटबाजी खुलकर देखने को मिल रही है। मंगलवार को पश्चिमी उत्तर प्रदेश (west up) के राष्ट्रीय महासचिव ज्योतिरादित्य सिंधिया (jyoti raj sindhiya) की अगुवाई में दिल्ली के यूपी भवन में हो रही समीक्षा बैठक में कांग्रेस नेता आपस में ही भीड़ गए। और एक-दुसरे पर ही आरोप- प्रत्यारोप लगाने लगें। 

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कांग्रेस नेता केके मिश्र (k k mishra) ने बताया कि हंगामें की मुख्य वजह देर से मीटिंग चालू होना है। उन्होनें कहा कि पार्टी के नेता सुबह 10 बजे से ही कार्यालय पहुंच गए थे। लेकिन मीटिंग शाम 3 बजे  शुरू हुई। उन्होंने पार्टी के बरिष्ठ नेताओं पर आरोप लगाते हुए कहा कि सही सदस्यों के साथ मीटिंग किए बिना ही निर्णय लिए गए थे , जिसके चलते इस लोकसभा चुनाव के परिणाम इस प्रकार के आए। इसके लिए पार्टी के उच्च पद पर बैठे नेता जिम्मेदार हैं।

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बता दें कि मीटिंग में कांग्रेस पार्टी नेताओं ने पार्टी के बरिष्ठ नेताओं पर आरोप लगाते हुए कहा कि ये लोग चुनाव के दौरान राहुल गांधी (rahul gandhi) को भ्रमित कर रहे थे। मीटिंग के दौरान कार्यकर्ता हंगामा करने लगे। इस दोरान एक नेता ने यहां तक कह दिया कि पार्टी के अध्यक्ष राहुल गांधी देश में अकेले ही संघर्ष कर रहे हैं।

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बता दें कि इस लोकसभा चुनाव में गाजीयाबाद सीट को लेकर पार्टी के अंदर ही घमासान मचा हुआ था लेकिन आखिरकार पार्टी ने डॉली शर्मा को चुनाव मैदान में उतार। जिन्हें बीजेपी (bjp) के उम्मीदवार जनरल वीके सिंह (B K singh) ने 8 लाख से अधिक वोटों से मात दी थी। इससे पहले भी 2014 में गाजियाबाद सीट से कांग्रेस ने राज बब्बर को मैदान में उतार था। लेकिन इनको भी 6 लाख से अधिक मतों से हार हुई थी।

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