Tuesday, Oct 19, 2021
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ट्रैक्टर परेड में बाधा डालने की साजिश नाकाम, किसानों नेताओं ने पकड़ा एक युवक

  • Updated on 1/23/2021

नई दिल्ली/टीम डिजिटल। आंदोलनरत किसान नेताओं ने शुक्रवार को कहा कि उनकी 26 जनवरी की प्रस्तावित ट्रैक्टर रैली दिल्ली के व्यस्त आउटर रिंग रोड पर ही होगी, जैसा कि पहले तय किया गया था। लेकिन आज सरकार से वार्ता के बाद किसान यूनियन ने एक युवक को धर दबोचा, जो किसान परेड को बाधित करने वालों के गिरोह में शामिल है। इस युवक को दिल्ली पुलिस के  हवाले कर दिया गया है।

आरोपी युवक ने राई पुलिस थाने के एसएचओ का जिक्र किया है, जो इन लोगों को हमले के लिए ट्रेंड कर रहा है। पुलिस अब इस युवक से पूछताछ में जुट गई है। खास बात यह है कि चार किसान नेताओं को मारने की साजिश थी। इस साजिश को 26 जनवरी गणतंत्र दिवस के मौके पर अंजाम देना था। राकेश टिकैत और अन्य यूनियनों के नेताओं ने बाकायदा प्रेस वार्ता कर इस साजिश का खुलासा खुद आरोपी से करवाया है। 

इससे पहले सरकार के साथ किसानों की ग्यारहवें दौर की वार्ता समाप्त हो गई है। बैठक से बाहर निकलने के बाद किसान नेता बलबीर सिंह राजेवाल ने कहा कि यह सरकार को सुनिश्चित करना है कि रैली शांतिपूर्ण रहे। 

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राजेवाल ने कहा, ‘‘26 जनवरी को आउटर रिंग रोड पर पहले से निर्धारित योजना के अनुसार ट्रैक्टर मार्च होगा। हमने पुलिस को सूचित किया है कि यह सुनिश्चित करना सरकार का काम है कि यह शांतिपूर्ण रहे।’’ किसान यूनियनों ने शुक्रवार को सरकार से कहा कि वे चाहते हैं कि तीनों विवादास्पद कृषि कानूनों को पूरी तरह से रद्द किया जाये। 

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केन्द्र सरकार ने हालांकि किसान नेताओं से 12-18 महीनों तक इन कानूनों के क्रियान्वयन को स्थगित रखने संबंधी उसके प्रस्ताव पर पुर्निवचार करने के लिए कहा। यूनियन नेताओं ने कहा कि वे शांतिपूर्ण ढंग से अपना आंदोलन तेज करेंगे। 

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गौरतलब है कि हजारों किसान 28 नवंबर से दिल्ली के कई बॉर्डर पर डेरा डाले हुए हैं,जिनमें ज्यादातर पंजाब और हरियाणा के हैं। किसान नए तीन कृषि कानूनों को निरस्त करने और अपनी फसलों के लिए न्यूनतम समर्थन मूल्य पर कानूनी गारंटी देने की मांग कर रहे हैं। 

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