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ठंड में कान के दर्द को ना ले हल्के में, जरूरी बातों का रखें ध्यान

  • Updated on 10/31/2018

नई दिल्ली/टीम डिजिटल। ठंड की शुरुआत हो गई है और इस बदलते मौमस में अचानक से कई तरह की परेशानियों का सामना करना पड़ता है। अक्सर ठंड का मौसम शुरु होने पर कान में दर्द की शिकायत होने लगती है। ये ज्यादातर बच्चों में आमतौर पर देखी जाती है लेकिन कई बार बड़ों को भी इस समस्या से दो चार होना पड़ता है। कान के इस दर्द को कई बार हल्के में लिया जाता है जो की काफी खतरनाक हो सकता है। कई बार सर्दी या जुकाम की वजह से भी कान में दर्द शुरु हो जाता है। इससे बचने और इसके इलाज के लिए कुछ आसान उपाय करने चाहिए...

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  • ज्यादा दिनों तक सर्दी और जुकाम रहने से नाक के पिछले भाग से कान तक आने वाली यूस्टेकियन ट्यूब ठीक से काम करना बंद कर देते हैं जिससे संक्रमण, सूजन आ जाती है और कान में द्रव्य बढ़ने से कान में दबाव असामान्य हो जाता है और दर्द होने लगता है।
  • सर्दी जुकाम अगर हो तो पहले ही डॉक्टर को दिखाएं। इससे कान में दर्द की शिकायत हो सकती है। ज्यादा दिन तक जुकाम रहने और कफ के बाहर ना आने पर कान दर्द की समस्या से दो चार होना पड़ता है। 
  • बाहरी दबाव हवा या पानी का दबाव हो सकता है। इसलिए इयर बैरोट्रॉमा आमतौर पर स्काइडाइविंग, स्‍कूबा डाइविंग या हवाई जहाज उड़ानों के दौरान अनुभव होता है। कई बार प्लेन से उतरने समय एयर के दबाव के कारण भी ऐसा होता है। 

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  • कई बार दांतों की कोई समस्या होने पर भी कान में दर्द शुरु हो जाता है। 
  • इसका इलाज करने के लिए डॉक्टर की सलाह जरुर लें। साथ ही अगर घर पर भी कुछ घरेलू उपाय करके इससे निपटा जा सकता है। 
  • अगर कान में अचानक से दर्द होने लगे तो प्याज के रस की दो से तीन बूंदे डालें। इससे आराम मिलेगा। 
  • वहीं सरसों के तेल को हल्का सा गर्म करके एक बूंद कान में डालें को आराम मिलेगा लेकिन समस्या गंभीर होने पर डॉक्टर की सलाह लें। साथ ही तेल को गर्म करते समय साफ-सफाई का ध्यान जरुर रखें। 

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  • लहसुन भी कान के दर्द में कारगर है। लहसुन की एक या दो कलियां लेकर उसे सरसों के तेल में रखें और गर्म करें। जब कलियां थोड़ी सी पक जाएं और भूरी हो जाएं तो तेल के हल्का गुनगुना होने पर कान में एक या दो बूंद डालें। 
  • किसी भी तरह के फंगल इंफेक्शन होने पर डॉक्टर से ही इलाज करवाएं। खुद से किसी भी तरह के कोई नुकीली चीज कान के अंगर ना डालें। 
  • कान की सफाई बीच-बीच में किसी अच्छे चिकित्सक से कराते रहें। 
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