Monday, Nov 18, 2019
former union minister uma bharti criticized lawyer rajiv dhawan for tearing the map

पूर्व केंद्रीय मंत्री उमा भारती ने वकील राजीव धवन के नक्शा फाड़ने की आलोचना की

  • Updated on 10/16/2019

नई दिल्ली/टीम डिजिटल। देश भर की नजर अब अयोध्या (ayodhya) और सुप्रीम कोर्ट (supreme court) पर टिक गई है। इस पर राजनीति भी शुरु हो गई है। हालांकि सुप्रीम कोर्ट में आज राम मंदिर बाबरी मस्जिद विवाद पर बहस खत्म हो गई है। चीफ जस्टिस ने फैसले को सुरक्षित भी रख लिया है। इस बीच पूर्व केंद्रीय मंत्री उमा भारती (uma bharti) ने कोर्ट के अंदर बाबरी मस्जिद का पक्ष रखने वाले वकील राजीव धवन के नक्शा फाड़ने की तीखे शब्दों में आलोचना की है। उन्होंने कहा है कि देश में आज भी बाबर की मानसिकता वाले लोग मौजूद है।

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सुप्रीम कोर्ट में 40 दिन तक चली बहस
इससे पहले पिछले 40 दिनों से सुप्रीम कोर्ट में रोजाना सुनवाई हुई है। जिसमें हिंदू पक्षकार और मुस्लिम पक्षकार ने अपनी बात रखी है। इसी बहस के दौरान जब जब हिंदू महासभा के वकील विकास सिंह ने नक्शे पेश की तो सुन्नी वक्फ बोर्ड के वकील राजीव धवन तमतमा गए और उन्होंने उस नक्शे को ही फाड़ दिया। यह नक्शा पूर्व आईपीएस किशोर कुणाल के 'अयोध्या रिविजिटेड' नामक किताब का हिस्सा है। राजीव धवन के इस व्यवहार की तत्काल सभी ने निंदा की। यहां तक कि सुप्रीम कोर्ट के चीफ जस्टिस रंजन गोगोई ने इस घटना पर क्षोभ भी प्रकट की है।  

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मीडियेटर के मामला सुलझाने में नाकाम रहने पर कोर्ट ने लिया फैसला
चीफ जस्टिस रंजन गोगोई की अध्यक्षता वाली पांच न्यायमूर्तियों की पीठ में जस्टिस एस.ए. बोबडे, जस्टिस अशोक भूषण, जस्टिस डी.वाई. चंद्रचूड़ और जस्टिस एस.ए. नजीर शामिल हैं। जो बीते 6 अगस्त से अयोध्या विवाद का रोज सुनवाई किया है। सुप्रीम कोर्ट ने रोज सुनवाई का फैसला तब किया जब मीडियेटर कोर्ट से बाहर मामले को सुलझाने में नाकाम रहे थे।

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