Friday, Sep 30, 2022
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fraud in the recruitment of prd jawans, cdo started investigation

पीआरडी जवानों की भर्ती में फर्जीवाड़ा, सीडीओ ने जांच की शुरू

  • Updated on 7/29/2022

नई दिल्ली,(टीम डिजिटल):दिल्ली से सटे नोएडा में प्रांतीय रक्षक दल (पीआरडी) जवानों की भर्ती में फिर्जीवाड़े का मामला प्रकाश में आया है। लोगों ने मामले की शिकायत जिलाधिकारी सुहास एलवाई से की है। जिलाधिकारी ने मुख्य विकास अधिकारी (सीडीओ) तेज प्रताप मिश्र को जांच सौंपी है।

बता दें कि शासन ने युवा कल्याण विभाग को जिले में 45 पीआरडी जवानों की भर्ती का आदेश दिया था। ग्रामीण क्षेत्र से 15 और शहरी क्षेत्र से 30 पीआरडी जवान भर्ती होने थे। भर्ती के लिए शासन के आदेश पर जिलाधिकारी सुहास एलवाई ने तीन सदस्यीय समिति गठित की थी। समिति ने 14 और 15 जुलाई को युवाओं का साक्षात्कार किया। 318 युवक-युवतियों ने भर्ती के लिया आवेदन किया था। शिकायतकर्ताओं का आरोप है कि जिला युवा कल्याण अधिकारी ऋषि कुमार ने भर्ती के एवज में उनसे रिश्वत की मांग की। रिश्वत देने के बाद भी उन्हें नौकरी नहीं मिली। पीडि़तों ने मामले की शिकायत जिलाधिकारी से की है। जिसके बाद जिलाधिकारी ने सीडीओ को जांच सौंपी है। 

वसूले गए 30 से 50 हजार रुपए
पीआरडी जवान की भर्ती के एवज में 30 से 50 हजार रुपए रिश्वत लेने का आरोप है। जिलाधिकारी को सौंपे गए अलग-अलग शिकायती पत्रों में शिकायतकर्ताओं ने आरोप लगाया है कि युवा कल्याण अधिकारी को रिश्वत देने के बाद उन्हें नौकरी दिलाने का आश्वासन दिया था, पर चयनित की सूची में उनका नाम नहीं आया। 12 से अधिक शिकायतकर्ताओं ने अलग-अलग शिकायती पत्र जिलाधिकारी को सौंपे हैं। इस संबंध में जिला युवा कल्याण अधिकारी ऋषि कुमार का पक्ष जानने का प्रयास किया गया, लेकिन उनका फोन रिसीव नहीं हुआ।

नोटिस जारी कर जिला युवा कल्याण अधिकारी से मांगा जवाब 
सीडीओ तेज प्रताप मिश्र का कहना है कि पीआरडी जवानों की भर्ती में धांधली होने के शिकायत मिली है। जिलाधिकारी ने जांच सौंपी है। जिला युवा कल्याण अधिकारी को नोटिस जारी कर जवाब मांगा गया है। यदि भर्ती प्रक्रिया में धांधली मिली तो संबंधित अधिकारी के खिलाफ कार्रवाई होगी।
 

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