Monday, Jan 25, 2021

Live Updates: Unlock 8- Day 24

Last Updated: Sun Jan 24 2021 08:53 PM

corona virus

Total Cases

10,660,477

Recovered

10,321,005

Deaths

153,457

  • INDIA10,660,477
  • MAHARASTRA2,009,106
  • ANDHRA PRADESH1,648,665
  • KARNATAKA935,478
  • KERALA911,382
  • TAMIL NADU834,740
  • NEW DELHI633,924
  • UTTAR PRADESH598,710
  • WEST BENGAL568,103
  • ODISHA334,150
  • ARUNACHAL PRADESH325,396
  • RAJASTHAN316,485
  • JHARKHAND310,675
  • CHHATTISGARH296,326
  • TELANGANA293,056
  • HARYANA267,075
  • BIHAR259,766
  • GUJARAT258,687
  • MADHYA PRADESH253,114
  • ASSAM216,976
  • CHANDIGARH183,588
  • PUNJAB171,733
  • JAMMU & KASHMIR123,946
  • UTTARAKHAND95,586
  • HIMACHAL PRADESH57,189
  • GOA49,362
  • PUDUCHERRY38,646
  • TRIPURA33,035
  • MANIPUR27,155
  • MEGHALAYA12,866
  • NAGALAND11,709
  • LADAKH9,155
  • SIKKIM6,068
  • ANDAMAN AND NICOBAR ISLANDS4,993
  • MIZORAM4,351
  • DADRA AND NAGAR HAVELI3,377
  • DAMAN AND DIU1,381
Central Helpline Number for CoronaVirus:+91-11-23978046 | Helpline Email Id: ncov2019 @gov.in, ncov219 @gmail.com
How to Red and Orange Zones Will Change to Green Zone prsgnt

कोरोना से जंग: कैसे रेड और ऑरेंज जोन बदलेगा ग्रीन जोन में, पढ़ें रिपोर्ट

  • Updated on 4/17/2020

नई दिल्ली/प्रियंका। कोरोना वायरस से लड़ने के लिए सरकार ने इलाकों में कोरोना संक्रमण के प्रभाव को देखते हुए उन्हें जोन में बांट दिया है। सरकार द्वारा 170 हॉटस्पॉट इलाके निर्धारित किए गये हैं। जहां ज्यादा संक्रमण के मामले मिलने के कारण रेड जोन में रखा गया है।

इसके अलावा 207 इलाके ऐसे हैं जहां कम खतरा है उसे ऑरेंज जोन में रखा गया है। इसके अलावा बाकी बचे इलाकों को ग्रीन जोन यानि सेफ माना गया है। देश में कुल 708  इलाके हैं।

कोरोना से जंग: महामारी से निपटने में इन देशों की महिलाओं का नहीं है कोई जवाब

किस जोन में हैं आप?
अब सवाल यह है कि रेड जोन कब ग्रीन जोन में बदलेगा और कब ये इलाके सेफ हो पाएंगे। तो इसका जवाब यह है कि जैसे-जैसे इलाकों से कोरोना मामले कम होते जायेंगे, लोग ठीक होते जायेंगे और टेस्टिंग नेगेटिव आती जायेंगी वैसे वैसे ही ये इलाके ग्रीन जोन में बदलने लगेंगे। लेकिन इसके लिए पहले आपको ये जानना जरुरी है कि आप किस जोन में रह रहे हैं।

अगर आप रेड जोन में हैं तो आपको ऑरेंज जोन में आने में तकरीबन 14 दिन का समय लग सकता है। इसके बाद ऑरेंज जोन में आने में फिर 14 दिन लगेंगे। इसका मतलब ये हुआ कि अगर आप रेड जोन में हैं तो आपको ग्रीन जोन में आने में 28 दिन लगेंगे।

भारत महीनों तक नहीं झेल सकता लॉकडाउन, जल्द लौटना होगा काम पर- फिक्की

लॉकडाउन में किसे मिलेगी ढील
आप रेड जोन में हैं तो आपको फिलहाल कोई ढील नही दी जाएगी। ये ढील सिर्फ ग्रीन जोन के लिए हैं और ऑरेंज जोन में अगर 14 दिनों के बाद सुधार हो सका तो वो ग्रीन जोन में शामिल हो जायेगा। जिसके बाद वहां ढिलाई दी जा सकती है। रेड बेहद सेंसटिव इलाके हैं जहां से संक्रमण फैलने के चांस ज्यादा हैं इसलिए यहां ढील नहीं दी जाएगी। सरकार के अनुसार 20 अप्रैल के बाद ग्रीन और ऑरेंज जोन को ही ढील मिल सकेगी।

लॉकडाउन के कारण 1930 के बाद 2020 में एक बार आएगी महामंदी- IMF

कहां से आया ये जोन फार्मूला
बताया जा रहा है कि चीन ने इसे लोगों को बांटने के लिए इजाद किया था। कोरोना संक्रमण के बीच चीन ने लोगों को रंगों के हिसाब से बांट दिया था जिसका पूरा हिसाब फ़ोन पर ऑनलाइन मौजूद रहता था। कौन व्यक्ति रेड यानि अधिक खतरे में है, कौन कम यानि ऑरेंज और कौन सेफ यानि ग्रीन है, उसी के हिसाब से वो घर में, इलाकों में और शहर के बाहर निकल सकते थे।

ग्रीन पर ऑरेंज जोन को मिलेगी ये सुविधा
ऑरेंज जोन में वो इलाके हैं जहां संक्रमण के मामले सामने आए थे लेकिन बीते कुछ दिनों से कोई नया मामला सामने नहीं आया है यानी इलाके जहां खतरा कम है। ऐसे इलाकों में सरकार के निर्देशानुसार  फसल कटाई, मनरेगा मजदूरी जैसे कामों की सुविधा मिलेगी लेकिन इसी इलाके के अंदर, इन्हें इलाके से बाहर जाने की अनुमति नहीं मिलेगी।

जबकि ग्रीन जोन सेफ होगा इसलिए यहां काम-धंधे की शुरुआत की जा सकेगी। लोग अपने कामों के लिए बाहर जा सकेंगे लेकिन बाहर के लोग इन इलाकों में नहीं आ पाएंगे।

यहां पढ़ें कोरोना से जुड़ी महत्वपूर्ण खबरें

comments

.
.
.
.
.