Friday, Dec 02, 2022
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iit delhi to change curriculum, focus on learning by doing: director

आईआईटी दिल्ली बदलेगा करिकुलम, लर्निंग बाई डूइंग पर रहेगा फोकस : निदेशक

  • Updated on 3/8/2022

नई दिल्ली/पुष्पेंद्र मिश्र। भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईटी) के निदेशक प्रो. रंगन बनर्जी ने कहा कि वह 15 फरवरी से आईआईटी दिल्ली में आकर लगातार शिक्षक-कर्मचारियों और छात्रों से संवाद की प्रक्रिया में रहे हैं। 21 फरवरी को संस्थान में सीनेट बैठक आयोजित की गई जिसमें संस्थान के तीसरे लहर के बाद खोले जाने पर चर्चा हुई है।

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पहले वर्ष के छात्रों का दूसरा सेमेस्टर के लिए 24 होगा शुरू
पहले वर्ष के जिन छात्रों का एक सेमेस्टर खत्म हो चुका है उनका दूसरा सेमेस्टर 24 मार्च से शुरू हो रहा है। यह सेमेस्टर पूरी तरह ऑफलाइन रहेगा। फिलहाल छात्रों को हाइब्रिड मोड में कक्षाएं दिलाई जा रहीं हैं लेकिन इनकी फाइनल परीक्षाएं ऑफलाइन मोड में ही आयोजित की जाएंगी। छात्रों ने कैंपस वापस आने की प्रतिबद्धता जताई है। 14 मार्च तक संस्थान में छात्रावासों में छात्र वापस आ जाएंगे। उन्होंने कहा कि आईआईटी दिल्ली छात्रों का कक्षाओं से जुड़ाव बेहतर बनाने पर काम कर रहा है। आजकल की समस्या ये है कि ब"ाों का ध्यान एक समय के लिए कहीं लगता नहीं है। ट्विटर जनरेशन है। इसके अलावा ब"ाों का सूचना से भी सीधा जुड़ाव है। पल पल की जानकारी उन्हें मोबाइल पर ही ऑनलाइन मिलती रहती है।

मंच पर जीवंत शिखर पुरूष बाबा साहब भीम राव अंबेडकर

10 साल बाद हो रहा है करिकुलम में बदलाव 
इसलिए हमें कक्षाओं में पढ़ाने के तरीके को बदलने की जरूरत है। जिसमें ब"ाों को उत्साहित करना उनके कक्षा में अनुभव को बेहतर बनाने पर काम किया जा रहा है। कोरोना काल के बाद हमें बहुत कुछ सीखने को मिला है। हमें एक बेहद सशक्त और महत्वपूर्ण करिकुलम की आवश्यकता है। जिसके लिए हम देश विदेश की यूनिवर्सिटी के पाठ्यक्रमों पर भी रिसर्च करेंगे। इस करिकुलम पर मार्च के आखिरी हफ्ते काम शुरू कर दिया जाएगा। इस करिकुलम में मौजूदा समय की जरूरी चीजों के आधार पर तैयार किया जाएगा। उन्होंने कहा कि हम लर्निंग बाई डूइंग पर फोकस कर रहे हैं। जैसे उन्नत भारत अभियान में छात्र इंटर्नशिप करते हैं गांव-गांव जाकर वहां की समस्या समझते हैं। आज के समय में समस्या को समझना और उस पर काम करना सबसे जरूरी है। ये चीज क्लासरूम में सीखने को नहीं मिलेगी। इसलिए हम सीखकर करना पर फोकस कर रहे हैं। इसके अलावा आने वाले समय में हर ब"ो की कमियों को अलग-अलग समझकर दूर करने पर भी आईआईटी दिल्ली काम क रेगा।

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