inx media case ed says fake company paid chidambarams travel expenses

INX मीडिया केस: ED ने कहा चिदंबरम के यात्रा खर्चों का फर्जी कंपनी ने किया भुगतान

  • Updated on 8/25/2019

नई दिल्ली/टीम डिजिटल। प्रवर्तन निदेशालय (ED) पी. चिदंबरम (P Chidambaram) की मुश्किलें बढ़ा सकता है। आईएनएक्स (INX Media Case) मीडिया मामले में ED पूर्व वित्त मंत्री पी. चिदंबरम पर शिकंजा कसने की तैयारी कर रही है। चाटर्ड एकांटेंट (CA) भास्कर रमन (Bhaskar Raman) ने खुलासा किया है कि उनके बेटे कार्ति चिदंबरम (Karti Chidambaram) की एक शेल कंपनी (Shell Company) ने चिंदबरम के यात्रा और अन्य खर्चो का भुगतान किया है। 

बारिश और बाढ़ से बढ़ सकती है प्याज की कीमत, फसल खराब होने की है आशंका

रमन ने पिछले साल पूछताछ के दौरान किया था खुलासा 

इस मामले पर ED सूत्रों ने बताया, 'ये खुलासे रमन ने पिछले साल पूछताछ के दौरान किए थे।' यात्रा खर्च और अन्य खर्चो के भुगतान का विवरण दस्तावेजों और हार्ड डिस्क्स से प्राप्त हुआ है, जिसे आयकर अधिकारियों ने कार्ति के द्वारा प्रमोटेड चेन्नई में चेस ग्लोबल एडवाजरी सर्विसेज पर छापे के दौरान जब्त किया था। 

कृष्ण जन्माष्टमी: मथुरा में भगवान श्रीकृष्ण ने लिया जन्म, मंदिरों में लगे जयकारे

रमन को पिछले साल CBI ने किया था गिरफ्तार

ED के एक अधिकारी के मुताबिक जब रमन को दस्तावेज और हार्ड डिस्क दिखाए गए तो उसने ये बात स्वीकार की।' रमन को पिछले साल केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) ने गिरफ्तार किया था, और फिलहाल वे जमानत पर हैं। सूत्रों के मुताबिक, जब पूर्व वित्त मंत्री से उनके यात्रा खर्चो और अन्य खर्चो का भुगतान शेल कंपनी द्वारा करने के बारे में पूछा गया तो उन्होंने इसे झूठ करार दिया।

पश्चिम बंगाल के विधानसभा उपचुनावों में कांग्रेस- वाम मोर्चा ने किया गठबंधन

आईएनएक्स मीडिया केस में CBI की हिरासत में हैं चिदंबरम

CBI ने पी चिदंबरम को बुधवार को फॉरेन इंवेस्टमेंट प्रमोशन बोर्ड (एफआईपीबी) मंजूरी और आईएनएक्स मीडिया समूह मामले में 24 घंटों तक चले ड्रामे के बाद गिरफ्तार किया था। इसके अगले दिन उन्हें दिल्ली की एक अदालत ने 26 अगस्त तक के लिए CBI हिरासत में भेज दिया। 

Hindi News से जुड़े अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें फेसबुक पर ज्वॉइन करें, ट्विटर पर फॉलो करें।हर पल अपडेट रहने के लिए NT APP डाउनलोड करें। ANDROID लिंक और iOS लिंक।
comments

.
.
.
.
.