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JNU के छात्र ऑनलाइन जमा कर सकेंगे पीएचडी थीसिस, जल्द मिलेगी डिग्री

  • Updated on 6/17/2020

नई दिल्ली/टीम डिजिटल। जवाहरलाल नेहरू यूनिवर्सिटी प्रशासन ने पीएचडी और एमफिल कर रहे छात्रों की पीएचडी थीसिस व एमफिल लघु शोध प्रबंध जमा करने के लिए मूल्यांकन के तरीकों में बदलाव किया है। इस बदलाव के बाद विश्वविद्यालय से पीएचडी-एमफिल कर रहे छात्रों को डिग्री के लिए अब ज्यादा इंतजार नहीं करना पड़ेगा।

अब छात्र पीडीएफ फॉर्मेट में अपनी पीएचडी थीसिस या एमफिल शोध प्रबंध संबंधित विभाग को ईमेल कर सकते हैं। उसका डिजिटल मूल्यांकन किया जाएगा। इतना ही नहीं इन छात्रों का वाइवा भी ऑनलाइन ही लिया जाएगा। बता दें जेएनयू में पढ़ने वाले कुल 8800 छात्रों में 55 फ़ीसदी छात्र पीएचडी व एमफिल डिग्री कर रहे हैं।

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पहले लगता था एक साल का समय
इससे पहले छात्रों के थीसिस जमा करने के बाद एक्सटर्नल एग्जामिनर को रिपोर्ट देने में छह माह से 1 साल तक का समय लग जाता था। जिसमें अभ्यर्थी का वायवा भी शामिल होता था। इसके बाद ही अभ्यर्थी को डिग्री दी जाती थी। अब थीसिस जमकर करने से लेकर वाइवा  देने तक का सभी काम ऑनलाइन होगा। इससे छात्रों को भी सुविधा रहेगी और समय पर डिग्री भी मिल जाएगी।

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कुछ महीनों में ही मिल जाएगी डिग्री
जेएनयू वीसी एम जगदेश कुमार ने कहा कि कई बार यह प्रक्रिया 8 महीने से लेकर 1 साल तक चलती थी, लेकिन नई प्रक्रिया में हमने मूल्यांकन प्रक्रिया को कुछ महीनों में पूरा करने का लक्ष्य निर्धारित किया है, जिसमें वाइवा भी शामिल होगा। कोरोना संकट के बीच इस प्रकार का बदलाव छात्रों की सुरक्षा और उनका समय बचाने के लिहाज से अहम माना जा रहा है। 

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