Sunday, Sep 19, 2021
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more than seven lakh voters opted for nota in bihar albsnt

बिहार में सात लाख से अधिक मतदाताओं ने नोटा का विकल्प चुना

  • Updated on 11/11/2020

नई दिल्ली/टीम डिजिटल। बिहार में सात लाख से अधिक मतदाताओं ने विधानसभा चुनावों में ‘इनमें से कोई नहीं’ या नोटा का विकल्प चुना। यह जानकारी चुनाव आयोग ने दी।बिहार में बुधवार को नीतीश कुमार के नेतृत्व में राजग फिर से सत्ता में लौट आई है।          

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बता दें कि सत्तारूढ़ गठबंधन ने 243 सदस्यीय विधानसभा में 125 सीटों पर जीत दर्ज की जबकि विपक्षी महागठबंधन को 110 सीटें हासिल हुईं, जिससे नीतीश लगातार चौथी बार बिहार की सत्ता संभालेंगे।   चुनाव आयोग की तरफ से जारी आंकड़ों के मुताबिक, सात लाख छह हजार 252 लोगों ने या 1.7 फीसदी मतदाताओं ने नोटा के विकल्प को चुना, जिसके तहत उन्होंने किसी भी उम्मीदवार को पसंद नहीं किया।          

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मालूम हो कि तीन चरणों में हुए विधानसभा चुनावों में चार करोड़ से अधिक मतदाताओं ने अपने मताधिकार का इस्तेमाल किया। सात करोड़ 30 लाख से अधिक मतदाताओं में से 57.07 फीसदी ने मतदान किया था। इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन में ‘नोटा’ का विकल्प 2013 में शुरू किया गया था, जिसका चुनाव चिह्न बैलेट पेपर है जिस पर काले रंग का क्रॉस लगा होता है।  उच्चतम न्यायालय के सितम्बर 2013 के एक आदेश के बाद चुनाव आयोग ने ईवीएम में नोटा का बटन जोड़ा, जिसे वोटिंग पैनल पर सबसे अंतिम विकल्प रखा जाता है।  

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