Monday, May 10, 2021
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olis fierce attack on oli by his own foreign minister due to anti india image albsnt

भारत विरोधी छवि के कारण ओली पर बरसे नेपाल के विदेश मंत्री, सुनाई खरी- खोटी

  • Updated on 6/29/2020

नई दिल्ली/टीम डिजिटल। भारत के साथ ताजा विवाद के बाद नेपाल के पीएम केपी शर्मा ओली लगातार अपने ही देश में अलग-थलग पड़ते जा रहे है। जो यह संकेत कर रहा है कि नेपाल के पीएम सत्ता पर अपना पकड़ कम करते जा रहे है। नेपाल में भारत विरोधी मुहिम छेड़ने वाले पीएम ओली सरकार के ही विदेश मंत्री ने नसीहत दी है। नेपाल के विदेश मंत्री प्रदीप ग्यावली ने कहा कि हर हाल में भारत के साथ रिश्तों में दूरी पैदा नहीं होनी चाहिये।

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माना जा रहा है कि उनका यह संदेश अपने ही पीएम केपी शर्मा ओली के लिये है। विदेश मंत्री ने खुलकर कहा कि भारत के साथ रिश्ते दशकों पुरानी है। इतिहास के एक विवाद के चलते दोनों देशों के आपसी बेहतर रिश्ते को खराब नहीं किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि यह विवाद बैठकर भी सुलझाया जा सकता है। भारत के साथ नक्शा विवाद तब पैदा हुआ जब रक्षा मंत्री ने कैलाश मानसरोवर यात्रा को सुगम बनाने के लिये लिपुलेख में एक लिंक रोड बनाने को मंजूरी दे दी। जिस पर चीन ने आपत्तिज जताई।

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हालांकि नेपाल विदेश मंत्री का ताजा बयान उस समय आया है जब नेपाल के पीएम ने आरोप लगाया कि उनकी सरकार को अस्थिर करने में भारत और उनेक ही देश के कुछ नेता जुटे हुए है। उन्होंने कहा कि नया नक्शा पास करने के बाद से ही उनके सरकार पर हमला किया जा रहा है। लेकिन उन्होंने कहा कि वे विचलीत नहीं होंगे। दरअसल ओली की मुश्किलें अपनी ही पार्टी कम्यूनिस्ट पार्टी के अध्यक्ष प्रचंड कमल दहल ने शुरु कर दी है। प्रचंड ने पार्टी की एक बैठक में ओली को जमकर खरी-खोटी सुनाई। जिसमें तानाशाह की तरह काम करने का गंभीर आरोप लगाया। लेकिन ओली ने प्रचंड के सभी आरोप को खारिज कर दिया।

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