Thursday, Jan 21, 2021

Live Updates: Unlock 8- Day 21

Last Updated: Thu Jan 21 2021 09:44 AM

corona virus

Total Cases

10,611,719

Recovered

10,265,163

Deaths

152,906

  • INDIA10,611,719
  • MAHARASTRA1,994,977
  • ANDHRA PRADESH1,648,665
  • KARNATAKA931,997
  • KERALA911,382
  • TAMIL NADU832,415
  • NEW DELHI632,821
  • UTTAR PRADESH597,238
  • WEST BENGAL565,661
  • ODISHA333,444
  • ARUNACHAL PRADESH325,396
  • RAJASTHAN314,920
  • JHARKHAND310,675
  • CHHATTISGARH293,501
  • TELANGANA290,008
  • HARYANA266,309
  • BIHAR258,739
  • GUJARAT252,559
  • MADHYA PRADESH247,436
  • ASSAM216,831
  • CHANDIGARH183,588
  • PUNJAB170,605
  • JAMMU & KASHMIR122,651
  • UTTARAKHAND94,803
  • HIMACHAL PRADESH56,943
  • GOA49,362
  • PUDUCHERRY38,646
  • TRIPURA33,035
  • MANIPUR27,155
  • MEGHALAYA12,866
  • NAGALAND11,709
  • LADAKH9,155
  • SIKKIM5,338
  • ANDAMAN AND NICOBAR ISLANDS4,983
  • MIZORAM4,322
  • DADRA AND NAGAR HAVELI3,374
  • DAMAN AND DIU1,381
Central Helpline Number for CoronaVirus:+91-11-23978046 | Helpline Email Id: ncov2019 @gov.in, ncov219 @gmail.com
p chidambaram said bjp mla in punjab assembly should opposed agricultural bills pragnt

कृषि विधेयक: चिदंबरम का BJP पर तंज, कहा- पंजाब विधानसभा में क्यों नहीं किया विरोध

  • Updated on 10/21/2020

नई दिल्ली/टीम डिजिटल। कांग्रेस (Congress) के वरिष्ठ नेता पी चिदंबरम (P Chidambaram) ने पंजाब (Punjab) में केंद्रीय कृषि कानूनों को निष्प्रभावी करने के मकसद से लाए गए चार विधेयकों को पारित किए जाने के दौरान विधानसभा में भाजपा विधायकों की अनुपस्थिति को लेकर मंगलवार को सवाल खड़े किए और आरोप लगाया कि इसे 'राजनीतिक रूप से कायरतापूर्ण हरकत' कहा जा सकता है।

कांग्रेस की पीएम मोदी पर हमला, कहा- देश कोरा संबोधन नहीं, ठोस हल चाहता है

चिदंबरम ने लगाया आरोप
उन्होंने ट्वीट किया, 'जब सदन राज्य सरकार द्वारा पेश किए गए विधेयकों पर विचार कर रहा था, तो भाजपा के विधायक पंजाब विधानसभा से दूर क्यों रहे?' चिदंबरम ने कहा, 'यदि भाजपा के विधायक संसद द्वारा पारित केंद्र की नीति और कृषि अधिनियमों का समर्थन करते हैं तो उन्हें विधानसभा की कार्यवाही में भाग लेना चाहिए था और राज्य सरकार के विधेयकों का विरोध करना चाहिए था।' उन्होंने आरोप लगाया, 'पंजाब के भाजपा विधायकों ने जो किया, उसे राजनीतिक रूप से कायरतापूर्ण हरकत कहा जा सकता है।'

बिहार चुनाव : रैली के दौरान तेजस्वी यादव पर फेंकी गई चप्पल

कृषि कानूनों के खिलाफ एक प्रस्ताव पारित
गौरतलब है कि पंजाब विधानसभा ने मंगलवार को चार विधेयक सर्वसम्मति से पारित करने के साथ ही केंद्र के कृषि संबंधी कानूनों के खिलाफ एक प्रस्ताव भी पारित किया। विपक्षी शिरोमणि अकाली दल, आप और लोक इंसाफ के विधायकों ने विधेयकों का समर्थन किया। भाजपा के विधायक सदन में अनुपस्थित रहे। राज्य सरकार के इन विधेयकों में किसी कृषि समझौते के तहत गेहूं या धान की बिक्री या खरीद, न्यूनतम समर्थन मूल्य से कम पर करने पर सजा और जुर्माने का प्रावधान है। इसमें कम से कम तीन वर्ष की कैद का प्रावधान है।

पंजाब विधानसभा में मोदी सरकार के कृषि कानूनों के खिलाफ कांग्रेस को मिला AAP, SAD का साथ

राज्यपाल बदल सकते हैं फैसला
कांग्रेस नेतृत्व के इस सुझाव में कहा गया था कि वे केंद्र के कानूनों को बेअसर करने के लिए अपने कानून पारित करें। हालांकि, राज्य के विधेयकों को कानून बनने से पहले राज्यपाल की मंजूरी की आवश्यकता होती है। राज्यपाल मंजूरी रोक सकते हैं और विधेयकों को राष्ट्रपति के पास भेज सकते हैं। विधानसभा की आज की बैठक के बाद मुख्यमंत्री अमरिंदर सिंह राज्यपाल वी पी सिंह बदनौर से मुलाकात करने के लिए राजभवन रवाना हुए। केंद्र द्वारा लाये गए कानून फसलों की बिक्री नियंत्रण मुक्त करने और किसानों के लिए नये बाजार खोलने के लिए है, लेकिन इसको लेकर किसानों द्वारा विरोध प्रदर्शन शुरू हो गए हैं। ये विरोध प्रदर्शन विशेष तौर पर पंजाब और हरियाणा में हो रहे हैं। 

राहुल के तंज पर अमित शाह का जवाब, कहा- 15 मिनट का फार्मूला कांग्रेस को 1962 में करना चाहिए था लागू

पंजाब सरकार का दावा
विपक्ष और किसान संघों का दावा है कि नए कानूनों से एमएसपी प्रणाली खत्म होगी, हालांकि केंद्र में भाजपा की अगुवाई वाली सरकार ने बार-बार इससे इनकार किया है। पंजाब के यह नये विधेयक नयी उपधारा जोड़ते हैं और तीन केंद्रीय कानूनों के प्रावधानों में संशोधन करते हैं। राज्य सरकार की दलील है कि यह किसानों को उनके प्रभाव से ‘‘बचाएगा।’’ इसके साथ ही पंजाब के वित्त मंत्री मनप्रीत बादल ने ‘दीवानी प्रक्रिया संहिता (पंजाब संशोधन), विधेयक, 2020’ पेश किया जिसका उद्देश्य किसानों को किसी समझौते या अन्य किसी कारण के परिणामस्वरूप जमीन की कुर्की से संरक्षण प्रदान करना है। 

पुलिस स्मृति दिवस: गृह मंत्री अमित शाह ने राष्ट्रीय पुलिस स्मारक पर शहीदों को दी श्रद्धांजलि

'किसानों को बरबाद नहीं होने दूंगा'- CM
मुख्यमंत्री ने प्रस्ताव और चार में से तीन विधेयकों को पेश करते हुए दावा किया कि यदि केंद्रीय कानूनों को निरस्त नहीं किया गया तो इससे युवाओं में गुस्सा बढ़ेगा। उन्होंने 1980 और 1990 के दशक में आतंकवाद को याद करते हुए राज्य में शांति में व्यवधान की आशंका को लेकर चेतावनी दी। उन्होंने कहा, ‘‘मैं इस्तीफा देने से नहीं डरता। मैं सरकार के बर्खास्त होने से भी नहीं घबराता। लेकिन मैं किसानों को बरबाद या परेशान नहीं होने दूंगा।’’ सदन द्वारा पारित प्रस्ताव में तीन कृषि कानूनों को रद्द करने की मांग के साथ ही केंद्र के प्रस्तावित बिजली (संशोधन) विधेयक, 2020 को खारिज किया गया। 

Hindi News से जुड़े अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें फेसबुक पर ज्वॉइन करें, ट्विटर पर फॉलो करें।हर पल अपडेट रहने के लिए NT APP डाउनलोड करें। ANDROID लिंक और iOS लिंक।
comments

.
.
.
.
.