Wednesday, Dec 07, 2022
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rahul gandhi said black fungus is a disease due to modi government misrule pragnt

Black Fungus की दवा की किल्लत से नाराज राहुल, कहा- सरकार के कुसाशान का नतीजा

  • Updated on 5/22/2021

नई दिल्ली/ टीम डिजिटल। कोरोना संक्रमण की दूसरी खतरनाक लहर के बीच ब्लैक फंगस देश के लिए एक नई मुसीबत बनती जा रही है। हर दिन ब्लैक फंगस के मामलों में उछाल देखा जा रहा है। वहीं वैक्सीन की कमी से भी देश में टीकाकरण अभियान ठप पड़ गया है। देश में ब्लैक फंगस के बढ़ रहे मामलों को लेकर कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने केंद्र की मोदी सरकार पर निशाना साधा। इतना ही नहीं राहुल ने आरोप लगाया कि 'मोदी सिस्टम के कुशासन' के कारण कोरोना महामारी के साथ यह बीमारी आई है।

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केंद्र पर बरसे राहुल गांधी
कांग्रेस नेता ने ट्वीट कर लिखा, 'मोदी सिस्टम के कुशासन के चलते सिर्फ भारत में कोरोना के साथ-साथ ब्लैक फंगस महामारी है। टीके की कमी तो है ही, इस नयी महामारी की दवा की भी भारी कमी है।' राहुल गांधी ने तंज कसते हुए कहा, 'इससे जूझने के लिए प्रधानमंत्री ताली-थाली बजाने की घोषणा करते ही होंगे।'

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ब्लैक फंगस को लेकर सोनिया ने PM मोदी को लिखा पत्र
इससे पहले कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ने देश में म्यूकोरमाइकोसिस (ब्लैक फंगस) के मामलों में बढ़ोतरी और जरूरी दवा की कथित कमी को लेकर चिंता प्रकट करते हुए शनिवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से आग्रह किया कि इस बीमारी के मरीजों को राहत प्रदान करने के लिए तत्काल जरूरी कदम उठाए जाएं। उन्होंने प्रधानमंत्री मोदी को लिखे पत्र में इस बात जिक्र भी किया कि केंद्र ने राज्यों से ब्लैक फंगस को महामारी घोषित करने के लिए कहा है।       

सोनिया ने कहा, 'महामारी घोषित करने का मतलब यह है कि इसके उपचार के लिए जरूरी दवाओं का पर्याप्त उत्पादन और आपूर्ति सुनिश्चित करना आवश्यक है तथा मरीजों की मुफ्त देखभाल की जाए।'

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बड़ी संख्या में मरीजों को राहत देने के लिए तत्काल कदम
कांग्रेस अध्यक्ष ने इस बात पर जोर दिया, एम्फोटेरीसिन-बी इस बीमारी के उपचार के लिए जरूरी दवा है। बहरहाल, ऐसी खबरें हैं कि बाजार में इस दवा की भारी कमी है। इसके साथ ही, यह बीमारी आयुष्मान भारत तथा कई अन्य बीमा के तहत कवर नहीं है। उन्होंने प्रधानमंत्री से आग्रह किया, म्यूकोरमाइकोसिस से प्रभावित हो रहे बड़ी संख्या में मरीजों को राहत देने के लिए तत्काल कदम उठाए जाएं। उधर, केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने शुक्रवार को कहा कि ब्लैक फंगस से उत्पन्न होने वाले रोग म्यूकरमाइकोसिस के उपचार में काम आने वाली दवा ‘एंफोटेरिसिन-बी’ के उत्पादन के लिए पांच और कंपनियों को लाइसेंस दिया गया है तथा वे जुलाई से हर महीने इस दवा की 1,11,000 शीशियों का उत्पादन शुरू करेंगी।

इसके साथ ही, केंद्र ने म्यूकरमाइकोसिस के प्रसार को चिंता का कारण बताते हुए सभी राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों को सलाह दी है कि वे फंगस संक्रमण को रोकने की अपनी तैयारियों तथा अस्पतालों में उपचार और स्वच्छता की समीक्षा करें।

 

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