Thursday, Aug 16, 2018

सोनिया गांधी के सियासी डिनर में खुद नहीं पहुंचे मायावती, ममता, अखिलेश

  • Updated on 3/14/2018

नई दिल्ली/टीम डिजिटल। इस साल होने वाले विधानसभा चुनाव और अगले साल के लोकसभा चुनाव में भाजपा से मुकाबला करने के लिए यूपीए अध्यक्ष सोनिया गांधी ने आज विपक्षी दलों के लिए सियासी डिनर रखा है। अब इस डिनर पॉलिटिक्स के लिए विपक्ष के ज्यादातर नेता जुटने शुरु हो गए हैं। 

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भाजपा के चुनावी रथ को रोकने को विपक्ष ने सोनिया गांधी के नेतृत्व में एकजुटता दिखानी शुरू कर दी है। खास बात यह है कि राहुल गांधी को कांग्रेस अध्यक्ष पद पर बिठाने के बाद सोनिया गांधी ने अब गैर भाजपा गठबंधन को मजबूत करना शुरू कर दिया है। 

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सोनिया गांधी के घर होने वाले सियासी डिनर में अब तक बसपा के सतीश मिश्रा, सपा से राम गोपाल यादव, राष्ट्रीय जनता दल से तेजस्वी यादव और उनकी बहन मीसा भारती, रालोद के अजीत सिंह, ममता बनर्जी की पार्टी तृणमूल कांग्रेस के सुदीप बंदोपाध्याय भी पहुंचे है। 

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इनके अलावा, एनसीपी के शरद पवार, नेशनल कांफ्रेंस के अध्यक्ष उमर अब्दुल्ला, आरएसपी के एनके प्रेमचंद्रन, जनता दल एस के उपेंद्र रेड्डी, केरल कांग्रेस के जोश के मनी भी डिनर में शामिल होने पहुंचे हैं। 

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हिंदुस्तानी अवाम मोर्चा के जीतनराम मांझी, डीएमके की ओर से कनिमोझी, वामपंथी दलों की ओर से मोहम्मद सलीम, डी राजा और जेवीएम के बाबूलाल मरांडी भी सोनिया गांधी के घर पहुंच गए हैं। 

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माया, ममता, अखिलेश ने काटी कन्नी

खास बात यह है कि बसपा प्रमुख मायावती, सपा अध्यक्ष अखिलेश यादवा और तृणमूल कांग्रेस सुप्रीमो ममता बनर्जी खुद सोनिया गांधी के डिनर में शामिल होने नहीं आए। हालांकि उन्होंने पार्टी प्रतिनिधि जरूर भेजे हैं। 

सूत्रों की मानें तो तीनों अभी सियासी हालात को भांपना चाहते हैं। इसके अलावा तीनों के अपने प्रदेश में पार्टी हित भी हैं। ऐसे में सभी देखना चाहते हैं कि भाजपा के खिलाफ विपक्षी एकजुटता के लिए किस तरह की रणनीति अपनाई जाती है। 


 

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