Saturday, Dec 03, 2022
-->
supreme-court-refuses-to-hear-petition-on-investigation-of-chinese-surveillance-rkdsnt

न्यायालय का चीनी निगरानी की जांच संबंधी याचिका पर सुनवाई से इनकार 

  • Updated on 2/3/2021

नई दिल्ली/टीम डिजिटल। उच्चतम न्यायालय ने उस याचिका पर सुनवाई से बुधवार को इनकार कर दिया जिसमें राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री और शीर्ष अदालत के कुछ मौजूदा न्यायाधीशों सहित कई बड़ी हस्तियों की चीन द्वारा कथित निगरानी किए जाने तथा धन उधार देने संबंधी चीनी ऐप के जरिए नागरिकों के डेटा की कथित चोरी के मामले में केंद्र को जांच का निर्देश दिए जाने का आग्रह किया गया है। 

बैलेट के इस्तेमाल से EVM का समर्थन करने वाले दल मुंह की खाएंगे : एनसीपी

प्रधान न्यायाधीश एस ए बोबडे, जस्टिस ए एस बोपन्ना और जस्टिस वी रामसुब्रमण्यन की पीठ ने याचिका पर सुनवाई से इनकार करते हुए कहा कि याचिकाकर्ता संगठन ‘सेव देम इंडिया फाउंडेशन’ इस संबंध में केंद्रीय गृह मंत्रालय और वित्त मंत्रालय से निवेदन कर सकता है। पीठ ने कहा, ‘‘ये संवेदनशील और उच्च सुरक्षा वाले मामले हैं। आप उचित मंत्रालय से निवेदन कर सकते हैं।’’ 

केजरीवाल बोले- लापता किसानों का पता लगाने में करेंगे पूरी मदद, 115 नामों की सूची जारी

याचिकाकर्ता की ओर से पेश अधिवक्ता विशाल तिवारी ने दलील दी कि धन उधार देने वाले चीनी ऐप देश में भारतीय रिजर्व बैंक के किसी उचित दिशा-निर्देश के बिना काम कर रहे हैं और इससे नागरिकों की निजता का उल्लंघन हो रहा है। पीठ ने कहा, ‘‘आप गृह मंत्रालय या वित्त मंत्रालय से निवेदन करें।’’

मोदी सरकार का बजट 2021 देश के एक फीसदी लोगों के लिए : राहुल गांधी

तिवारी ने ‘डिजिटल इंडिया’ अभियान का संदर्भ देते हुए उचित साइबर सुरक्षा की आवश्यकता पर जोर दिया और कहा कि मीडिया में ऐसी खबरें हैं कि चीन भारत में कई शीर्ष हस्तियों की जासूसी और निगरानी करने में लिप्त है। 

कांग्रेस बोली- नए कृषि कानूनों को प्रतिष्ठा का सवाल बनाए बिना वापस ले मोदी सरकार

शीर्ष अदालत ने जब इस बारे में सरकार से निवेदन करने को कहा तो तिवारी ने कहा कि वह अपनी याचिका वापस लेना चाहते हैं। पीठ ने उन्हें याचिका वापस लेने और अधिकारियों से निवेदन करने की अनुमति प्रदान कर दी। याचिका में देश की कई बड़ी हस्तियों की चीन द्वारा कथित निगरानी किए जाने तथा धन उधार देने संबंधी चीनी ऐप के जरिए नागरिकों के डेटा की कथित चोरी के मामले में केंद्र को जांच का निर्देश दिए जाने का आग्रह किया गया था।

 

यहां पढ़ें अन्य बड़ी खबरें...

comments

.
.
.
.
.