Sunday, Nov 27, 2022
-->
supreme court took cognizance of pollution allowed to decide relaxation in restrictions rkdsnt

सुप्रीम कोर्ट ने प्रदूषण नियंत्रण पर लिया संज्ञान, पाबंदियों में छूट तय करने की दी इजाजत

  • Updated on 12/10/2021

नई दिल्ली/टीम डिजिटल। उच्चतम न्यायालय ने दिल्ली-एनसीआर की वायु गुणवत्ता में हुए ‘हल्के’ सुधार का शुक्रवार को संज्ञान लिया और वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग को अनुमति दी कि वह निर्माण गतिविधियों सहित अन्य पाबंदियों में छूट देने के संबंध में मिली अर्जियों पर एक सप्ताह के भीतर फैसला ले सकता है।     

किसान आंदोलन : घर लौटने से पहले प्रदर्शन स्थलों पर जीत की जश्न का माहौल, बांटी मिठाइयां

प्रधान न्यायाधीश एन. वी. रमण, जस्टिस डी. वाई. चन्द्रचूड और जस्टिस सूर्यकांत की विशेष पीठ ने उत्तर प्रदेश और राजस्थान से अपने पुराने आदेश का पालन करने का निर्देश दिया। इस आदेश में जिसमें न्यायालय ने एनसीआरक्षेत्र में आने वाले राज्यों से कहा था कि वे रियल एस्टेट फर्मों से वसूले जाने वाले उपकर से निर्माण क्षेत्र के मजदूरों को न्यूनतम दिहाड़ी देते रहें, क्योंकि पाबंदियों के कारण उनकी जीविका प्रभावित हुई है। 

हेलीकॉप्टर दुर्घटना में एकमात्र जीवित बचे ग्रुप कैप्टन वरुण सिंह को बेंगलुरु ले जाया गया

पीठ ने कहा कि राजस्थान और उत्तर प्रदेश की सरकारों को निर्माण क्षेत्र के मजदूरों को दिहाड़ी भुगतान के संबंध में अनुपालन हलफनामा दायर करना होगा। पीठ ने इस संबंध में विभिन्न बिल्डरों, गन्ना, चावल और कागज मिलों तथा अन्य की ओर से पाबंदियों से छूट देने का अनुरोध करने वाली याचिकाओं का निपटारा कर दिया।

किसानों के घर लौटने से उत्साहित मंत्री बालियान, बोले- चुनावों में मिलेगी मदद

पीठ ने कहा, ‘‘हम आयोग (एनसीआर और आसपास के क्षेत्रों में वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग) को निर्देश देते हैं कि वह विभिन्न उद्योगों और संगठनों की ओर से हमारे आदेशों या अन्य सर्कुलर के कारण लागू पाबंदियों में छूट के लिए मिली अर्जियों पर फैसला लें। हम आशा करते हैं कि आयोग इस संबंध में एक सप्ताह में फैसला लेगा।’’ 

वायुसेना का हेलीकॉप्टर दुर्घटना: तमिलनाडु पुलिस ने दर्ज की FIR, जांच में ड्रोन का इस्तेमाल

 

comments

.
.
.
.
.