Monday, May 23, 2022
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the world appreciated the  of the country that saved life and livelihood in corona, yogi

कोरोना में जीवन और जीविका को बचाने वाले देश के मॉडल को विश्व ने सराहा- CM योगी

  • Updated on 1/18/2022

नई दिल्ली/संजीव शर्मा। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का कहना है कि सदी की सबसे बड़ी महामारी कोरोना के दौरान देश के प्रधानमंत्री ने पौने दो साल में बेहतरीन प्रयास किए हैं। देश के कोरोना प्रबंधन को दुनिया ने स्वीकार किया है। कोरोना के दौरान जीवन और जीविका को बचाने वाले देश के मॉडल को विश्वभर में सराहा गया है।

देश के इस मॉडल की हर जगह चर्चा हुई है। योगी ने कहा कि उत्तर प्रदेश में डबल इंजन की सरकार ने प्रदेशवासियों को न सिर्फ कोविड की मुफ्त में डबल डोज दी बल्कि डबल राशन भी दिया। मुख्यमंत्री ने कोरोना की तीसरी लहर को कम खतरनाक बताते हुए लोगों से सावधानी बरतने की अपील की। सोमवार को योगी आदित्यनाथ ने   पुराना बस अड्डा स्थित संतोष मेडिकल कॉलेज में चल रहे कोविड अस्पताल और इंग्राहम इंस्टीट्यूट में वैक्सीनेशन सेंटर का निरीक्षण करने के बाद यह बातें कहीं।

योगी आदित्यनाथ ने कहा कि कोरोना की थर्ड वेब आ चुकी है। कोरोना के मामले लगातार बढ़ रहे हैं। मैं पहली और दूसरी लहर में भी यहां आया था और थर्ड वेब में भी यहां हालातों का निरीक्षण करने आया हूं। पौने दो साल का अनुभव कोरोना प्रबंधन में मदद कर रहा है। जीवन और जीविका को बचाने के मॉडल से हमने पहली और दूसरी लहर पर सफलता पाई थी और अब तीसरी लहर पर भी हम सफलता जरुर पाएंगे। 


मुख्यमंत्री ने बुजुर्गों, गर्भवती महिलाओं व बच्चों को चेताया 
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि प्रदेश में एक्टिव केस लगातार बढ़ रहे हैं। प्रदेश में एक्टिव केसों की संख्या 1लाख और गाजियाबाद में 10 हजार हो चुकी है। लेकिन अच्छी बात यह है कि इनमें से अस्पतालों में भर्ती होने वाले मरीजों की संख्या मात्र 1 प्रतिशत ही है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि थर्ड वेब कम खतरनाक है, लेकिन यह बीमारी तो है ही, इससे सावधानी बरतने की जरुरत है। बुजुर्गों, गर्भवती महिलाओं और बच्चों को इससे बचने की खास जरुरत है। मुख्यमंत्री ने लोगों से अपील की कि वह भीड़भाड़ वाले इलाकों में न जाएं। प्रदेश सरकार 55 सौ स्थानों पर जागरूकता कार्यक्रम चला रही है। जिसमें कोरोना से बचाव के लिए प्रदेशवासियों को जागरूक किया जा रहा है।

उत्तर प्रदेश देश का सर्वाधिक वैक्सीन डोज लेने वाला राज्य
योगी ने कहा कि प्रधानमंत्री का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि उन्होंने देश को दो वैक्सीन दी। भारत पहला देश है जिसने महामारी में किसी वैक्सीन को विकसित किया है। देश में मार्च 2020 में कोरोना के मामले सामने आए थे। जिसके बाद प्रधानमंत्री के नेतृत्व में वैक्सीन लगाने का दुनिया का सबसे बड़ा अभियान देश में चलाया गया। देश में अब तक 157 करोड़ वैक्सीन लगाई जा चुकी है।

वैक्सीनेशन कराने में उत्तर प्रदेश देश का पहला राज्य है जहां 23.15 करोड़ लोगों को वैक्सीन लगाई जा चुकी है। वहीं, गाजियाबाद में 18वर्ष तक की आयु वाले युवकों समेत 48.47 लाख लोग कोविड वैक्सीन लगवा चुके हैं। योगी ने कहा कि वैक्सीनेशन कराने के मामले में उत्तर प्रदेश देश का पहला राज्य है। यहां 94 फीसद लोग पहली और 60 फीसद लोग वैक्सीन की दोनों डोज लगवा चुके हैं। वहीं, गाजियाबाद में 98 फीसद पहली और 69 फीसद लोगों को वैक्सीन की दोनों डोज लगाई जा चुकी है।

किशोरों में दिखाई दिया वैक्सीन लगवाने को लेकर उत्साह
मुख्यमंत्री ने कहा कि उन्होंने वैक्सीनेशन सेंटर का भी निरीक्षण किया। वहां 15 से 17 वर्ष की आयु वाले किशोरों में उन्होंने वैक्सीनेशन कराने को लेकर खास उत्साह देखा। इंग्राहम इंस्टीट्यूट में वैक्सीनेशन सेंटर का निरीक्षण करने के दौरान मुख्यमंत्री ने 9वीं और 10वीं कक्षा की छात्राओं से बातचीत की और पूछा कि क्या उन्हें वैक्सीन लगवाने से डर का एहसास हो रहा है? जवाब में छात्राओं का उत्साह देखकर मुख्यमंत्री काफी खुश नजर आए।

योगी ने कहा कि गाजियाबाद में इस आयु वर्ग के 1.13 लाख किशोरों को वैक्सीन की पहली डोज लगाई जा चुकी है। जबकि 60 वर्ष से ऊपर की उम्र वाले बुजुर्ग  और फ्रंट लाइन वर्कर्स में शामिल 15611 लोगों को भी एहतियातन डोज लगाई जा चुकी है। योगी ने कहा कि इस कैटेगरी में आने वाले 4.09 लाख लोगों को प्रदेश भर में वैक्सीन की डोज लगाई जा चुकी है।

वैक्सीन के खिलाफ  दुष्प्रचार करने वाले हैं चारों खाने चित
मुख्यमंत्री ने कहा कि वैक्सीन के खिलाफ  तमाम दुष्प्रचार किया गया। यह मानवता के खिलाफ  एक अभियान था। इस दुष्प्रचार को करने वाले लोग चारों खाने चित हैं। भारत के अंदर बनी वैक्सीन दुनिया की सबसे बेहतरीन वैक्सीन है। दुनिया के अंदर इसकी डिमांड है। मुख्यमंत्री ने कहा कि जिन लोगों ने वैक्सीन की दोनों डोज ले ली हैं उन्होंने देश को आगे बढ़ाने में मदद की है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि कोरोना प्रबंधन के तहत खास कार्यक्रम चलाए जा रहे हैं। गाजियाबाद में रोजाना 10 हजार से अधिक टेस्ट हो रहे हैं। प्रदेश में 72 हजार निगरानी समितियां बनाई गई हैं। डोर टू डोर सर्वे कराया जा रहा है। संदिग्ध व्यक्ति चिन्हित होने पर 24 घंटे के अंदर रैपिड रिस्पांस टीम भेजकर उसे अस्पताल भिजवाया जा रहा है। कोई लक्षण ना होने पर होम आइसोलेशन में उपचार की व्यवस्था की गई है। सीएम हेल्पलाइन से रोजाना 50 हजार लोगों को कॉल करके उनका हालचाल पूछा जा रहा है और उनके उपचार के  स्टेटस की जानकारी की जा रही है। 

गाजियाबाद में 11 तो प्रदेश में लगाए गए 551 ऑक्सीजन प्लांट
मुख्यमंत्री ने कहा कि दूसरी लहर के दौरान प्रदेश में ऑक्सीजन का संकट देखने को मिला। उस समय भारत सरकार ने ऑक्सीजन ट्रेन चलाई, एयरफ फोर्स के जहाजों का इस्तेमाल कर ऑक्सीजन की सप्लाई दी। अथक प्रयास करके एक- एक जान को बचाने की कोशिश की गई। वह आभारी हैं प्रधानमंत्री के जिनके कारण प्रदेश और देश के अंदर ऑक्सीजन की क्षमता का लक्ष्य प्राप्त हुआ। 2021 से लेकर अब तक प्रदेश में 551 ऑक्सीजन प्लांट स्थापित हुए। गाजियाबाद में भी 12 ऑक्सीजन प्लांट स्वीकृत हुए थे जिनमें से 11 प्लांट एक्टिव हो चुके हैं।

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