Wednesday, Apr 14, 2021
-->
tiket expressed happiness over manns separation from the committee said  farmers win albsnt

कमेटी से मान के अलग होने पर टिकेत ने जताई खुशी, कहा- किसानों की जीत

  • Updated on 1/14/2021

नई दिल्ली/टीम डिजिटल। केंद्र सरकार और किसान संगठन के नेताओं के बीच कृषि कानून को लेकर गतिरोध जारी है। इस बीच सुप्रीम कोर्ट ने एक अहम सुनवाई के दौरान चार सदस्यीय कमेटी का गठन किया। लेकिन भूपिन्दर सिंह मान के कमेटी से अलग होने पर किसान संगठनों ने प्रतिक्रिया दी है। राकेश टिकेत ने मान के फैसले कास्वागत करते हुए कहा कि हर हाल में कृषि कानून को सरकार को वापस लेना होगा। उन्होंने कहा कि सुप्रीम कोर्ट से कभी किसान संगठन ने कमेटी बनाकर समझौते की बात नहीं की थी। इसलिये इस तरह के कमेटी की कोई जरुरत ही नहीं है।

कृषि कानूनों से जुड़ी कमेटी को लेकर शरद पवार ने अपना रुख किया साफ

वहीं किसान नेता गुरनाम सिंह चढूनी ने भूपिन्दर सिंह मान के फैसला को सही ठहराते हुए कहा कि उनका इस आंदोलन में स्वागत है। उन्होंने कहा कि सुप्रीम कोर्ट के द्वारा गठित कमेटी के सभी सदस्यों को इससे अलग होना चाहिये। दूसरी तरफ 15 जनवरी को किसान संगठन और केंद्र सरकार के बीच एक अहम बैठक होगी। जिस पर फिर से सबकी नजर रहेगी। 

गणतंत्र दिवस पर किसानों की ट्रैक्टर रैली, केंद्रीय मंत्री ने कहा- पूरे विश्व में जाएगा गलत संदेश

बता दें कि कल होने वाली बैठक इसलिये भी महत्वपूर्ण है कि सुप्रीम कोर्ट के आदेश को ठुकरा कर किसान नेताओं ने अपना रुख साफ कर दिया है। माना जा रहा है कि किसानों के इस दांव से केंद्र सरकार की मुश्किलें बढ़ सकती है। किसान नेता राकेश टिकेत ने साफ कहा कि सरकार को किसानों के भावनाओं के साथ खिलवाड़ करना बंद करना चाहिये। सरकार को अब भी सचेत होना चाहिये। मालूम हो कि दिल्ली के सीमा पर आंदोलन को शुरु हुए अब 50 दिन हो गए है। अब तक केंद्र सरकार और किसान संगठनों के बीच आठवें दौर तक बातचीत हुई है। लेकिन सभी बेनतीजा रहा है।  

 

comments

.
.
.
.
.