Thursday, Mar 30, 2023
-->
tirthatan-becomes-separate-ministry-suggestions-given-to-the-governor

तीर्थाटन का अलग मंत्रालय बने, राज्यपाल को दिया सुझाव

  • Updated on 9/6/2018

हरिद्वार/ब्यूरो। शंकराचार्य राजराजेश्वराश्रम ने राज्यपाल बेबी रानी मौर्य से मुलाकात कर अनुरोध किया कि प्रदेश को एजुकेशन, पर्यटन और तीर्थाटन का हब बनाएं। उन्होंने राज्य के भविष्य की स्थितियों पर भी चर्चा की।

पत्रकारों से आश्रम में बातचीत करते हुए शंकराचार्य राजराजेश्वराश्रम महाराज ने कहा कि आगरा के नाते राज्यपाल को वो पहले से जानते हैं। वे आध्यात्मिक भाव से आई थी। कहा कि उन्होंने राज्यपाल को कुछ सुझाव दिए हैं। बताया कि इस प्रदेश को शिक्षा का बेहतरीन हब बनाने की जरूरत है। इंफ्रास्टक्चर को विकसित कर पर्यटन को बढ़ावा दिया जा सकता है। 

उत्तराखंड में भीषण हादसा, बस खाई में गिरने से पांच लोगों की मौत, 21 घायल

उन्होंने कहा कि पर्यटन और तीर्थाटन दोनों में अंतर है। लिहाजा, पर्यटन और तीर्थाटन को अलग-अलग रखकर सोचना होगा। सरकार से तीर्थाटन मंत्रालय का गठन कराएं, ताकि धर्म और तीर्थ की मर्यादा और विश्व व्यापी हो सके। सरकार के भविष्य और सरकार के कार्यकाल को लेकर भी बातचीत हुई।

गंगा मां सबको देती है सुकून और आनंद: प्रदीप मौर्य
राज्यपाल बेबी रानी मौर्य के पति प्रदीप मौर्य ने कहा कि देवभूमि में आकर हम आनंदित हैं। बैंक के अधिकारी पद से रिटायर्ड होने के बाद वे सोशल वर्क को तरजीह दे रहे हैं। कहा कि ये देवभूमि है, यहां तो हर किसी को मां गंगा सुकून और आनंद देती है।

Hindi News से जुड़े अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें फेसबुक पर ज्वॉइन करें, ट्विटर पर फॉलो करें।हर पल अपडेट रहने के लिए NT APP डाउनलोड करें। ANDROID लिंक और iOS लिंक।

comments

.
.
.
.
.