Thursday, Mar 04, 2021
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tmc targets kailash vijayvargiya for tweeting against mamata banerjee pragnt

कैलाश विजयवर्गीय के ट्वीट पर भड़की TMC, कहा- BJP ने फिर दिखाया अपना रंग

  • Updated on 1/4/2021

नई दिल्ली/टीम डिजिटल। तृणमूल कांग्रेस (TMC) की महिला नेताओं ने भाजपा (BJP) के राष्ट्रीय महासचिव कैलाश विजयवर्गीय (Kailash Vijayvargiya) पर पश्चिम बंगाल (West Bengal) की मुख्यमंत्री और पार्टी प्रमुख ममता बनर्जी (Mamata Banerjee) के खिलाफ एक विवादित ट्वीट करने का आरोप लगाया और इस बात के लिए उनकी आलोचना की।

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कैलाश विजयवर्गीय ने किया ट्वीट
कैलाश विजयवर्गीय ने बनर्जी की एक तस्वीर साझा की जिसमें वह एक आदिवासी गांव में खाना पकाती नजर आ रही हैं। विजयवर्गीय ने तस्वीर के साथ लिखा, 'दीदी ने पहले ही वह काम करना शुरू कर दिया है जो उन्हें पांच महीने बाद करना होगा।' बनर्जी का यह फोटा बल्लवपुर गांव में खींचा गया था जहां वह पिछले सप्ताह बीरभूम जिले से कोलकाता लौटते वक्त कुछ देर के लिए रूकी थीं। राज्य में अप्रैल-मई में विधानसभा चुनाव प्रस्तावित हैं।

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TMC ने बोला हमला
इस ट्वीट पर तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए तृणमूल कांग्रेस की सांसद काकोली घोष दस्तीदार ने ट्वीट किया, 'यदि आप महिला हैं और आपकी सक्रिय राजनीति से जुड़ने की आकांक्षा है तो याद रखिए, हमारे देश में इन जैसे भाजपा के स्त्री-द्वेषकर्ताओं की भीड़ है जो महिलाओं को रसोईघर में वापस भेजना चाहते हैं।' 

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अग्निमित्रा पॉल ने किया विजयवर्गीय का बचाव
उन्होंने कहा, 'कल्पना नहीं कर सकती कि कैलाश विजयवर्गीय के परिवार में महिलाओं को सम्मान की कमी का कैसे सामना करना पड़ रहा होगा।' पश्चिम बंगाल की मंत्री शशि पांजा ने कहा, 'भाजपा ने अपना असली रंग एक बार फिर दिखा दिया है।' हालांकि भाजपा की प्रदेश महिला मोर्चा की अध्यक्ष अग्निमित्रा पॉल ने विजयवर्गीय का बचाव किया और सवाल किया, 'कैसे खाना पकाना छोटा कार्य है।'

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TMC के 23वां स्थापना दिवस पर ममता बनर्जी का ट्वीट
ममता बनर्जी ने ट्वीट किया, 'आज तृणमूल कांग्रेस की स्थापना के 23 वर्ष हो गए, मैं एक जनवरी 1998 में शुरू किए गए सफर को पीछे पलट कर देखती हूं। ये वर्ष बेहद संघर्ष भरे रहे लेकिन इस दौरान हम लोगों के लिए संघर्ष की अपनी प्रतिबद्धता पर डटे रहे और अपने उद्देशयों को हासिल करते रहे।' राज्य में इस वर्ष विधानसभा चुनाव होने हैं और पार्टी ने सत्ता में अपने 10 वर्ष पूरे कर लिए हैं ऐसे में मुख्यमंत्री ने राज्य को बेहतर बनाने के अपने संघर्ष को जारी रखने का प्रण किया।

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कार्यकर्ताओं का किया धन्यवाद
बता दें कि पश्चिम बंगाल में नववर्ष की पूर्व संध्या पर रात में कर्फ्यू नहीं लगेगा क्योंकि राज्य में हालात प्रतिकूल नहीं हैं। उन्होंने लिखा, 'तृणमूल कांग्रेस के स्थापना दिवस पर मैं अपनी मां-माटी-मानुष का और अपने सभी कार्यकर्ताओं का दिल से आभार व्यक्त करती हूं जो बंगाल को प्रतिदिन बेहतर और मजबूत बनाने में लगातार हमारे संघर्ष में शामिल हैं। तृणमूल परिवार आने वाले वक्त में भी इसी प्रण के साथ आगे बढ़ेगा।' पार्टी ने इस अवसर पर विभिन्न कार्यक्रमों के निर्देश पार्टी कार्यकर्ताओं को दिए हैं। गौरतलब है कि बनर्जी ने कांग्रेस से अलग हो कर आज ही के दिन 1998 में तृणमूल कांग्रेस की स्थापना की थी। 

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राज्यपाल ने कहा ये
राज्यपाल धनखड़ ने कहा कि यदि लोक सेवक राजनीतिक काम में शामिल हो जाएं तो यह लोकतांत्रिक व्यवस्था को बड़ा झटका होगा और कानून के शासन के लिए इससे बड़ी कोई चुनौती हो नहीं सकती है। धनखड़ ने पुरुलिया की यात्रा के दौरान संवाददाता सम्मेलन में कहा, 'देश में सिर्फ एक चर्चा हो रही है, जिसमें आंशका जताई जा रही है कि पश्चिम बंगाल में चुनावों में खून-खराबा होगा और हिंसा होगी।'

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अप्रैल-मई में होंगे चुनाव
राज्यपाल ने प्रशासन, पुलिस और मीडिया से भी हिंसा मुक्त विधानसभा चुनाव के लिए माहौल बनाने को कहा। यह चुनाव इस साल अप्रैल-मई में होने हैं। धनखड़ ने कहा कि अगर मतदाताओं को डराया जाता है और सरकारी अधिकारियों को राजनीतिक काम में शामिल किया जाता है तो यह चुनाव प्रक्रिया के लिए एक झटका होगा। उन्होंने सरकारी मशीनरी से तटस्थ रहने का आग्रह किया। साथ में यह सुनिश्चित करने को कहा कि विधानसभा चुनाव के दौरान लोग स्वतंत्र और निष्पक्ष तरीके से अपने मताधिकार का उपयोग कर सकें।

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