Wednesday, Oct 16, 2019
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साजिश के सूत्रधार तक पहुंच पाएगी भाजपा,सीएम के खिलाफ वायरल वीडियो को षड्यंत्र मान रही है पार्टी

  • Updated on 10/9/2019

देहरादून/ ब्यूरो: प्रदेश के मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत के खिलाफ वायरल हुए एक वीडियो से सियासी हलचल मची है। पुलिस ने जहां इस मामले की जांच शुरू कर दी है वही भाजपा संगठन का कहना है कि साजिश के तहत इस वीडियो में छेड़छाड़ कर इसे वायरल किया गया है। वायरल करने के आरोपी का नाम तो सामने आ चुका है पर सवाल यह है यदि यह साजिश है तो क्या इसके सूत्रधार तक भी पहुंचने का प्रयास किया जाएगा।

कुछ माह पूर्व मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने खुद यह बात कही थी कि सरकार के खिलाफ साजिश हो रही है। हालांकि सीएम ने यह नहीं कहा था कि साजिश करने वाले कौन है और उनका मकसद क्या है। सीएम का समर्थन करते हुए भाजपा के प्रदेश महामंत्री खजानदास ने भी साजिश की बात स्वीकारी थी। उसके बाद मुख्यमंत्री के परिवारीजनों का कथित स्टिंग का मामला सामने आया।

आरोपी को जेल भेजकर यह मान लिया गया कि सीएम संभवत: इसी साजिश की बात कर रहे थे। पर एक बार फिर भाजपा ने वायरल वीडियो प्रकरण में कहा है कि किसी षड्यंत्र के तहत यह सब किया गया है। ऐसे में सवाल यह है कि सीएम के खिलाफ साजिश करने वाला कौन है और उसका मकसद क्या है। रुड़की के दीक्षांत समारोह से संबधित जिस वीडियो की बात हो रही है उसे वायरल करने वाले आरोपी के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया जा चुका है।

यदि भाजपा के दावों मे यकीन करें तो इसका सूत्रधार कोई और है। पुलिस को उस सूत्रधार तक पहुंचना है। इस संबंध में सीएम या उनके कार्यालय की ओर से कोई बयान जारी नहीं किया गया है। पर सीएम के मीडिया समन्वयक दर्शन सिंह रावत ने एसएसपी से मिलकर त्वरित कार्रवाई की मांग की है। इससे साफ है कि मुख्यमंत्री भी चाहते हैं कि पुलिस जल्द से जल्द असली आरोपी तक पहुंचे।

इससे पहले पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत अप्रत्यक्ष रूप से यह दावा कर चुके हैं कि मुख्यमंत्री के खिलाफ उनकी ही पार्टी के लोग साजिश कर रहे हैं। उनकी कुर्सी जाते-जाते बची है। अब देखना यह है कि पुलिस के खुलासे में कौन बेनकाब होता है।

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