Friday, Jul 01, 2022
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Akali Dal Badal removed the capture of the state office, put up the party flag

अकाली दल बादल ने प्रदेश कार्यालय पर कब्जा हटाया, पार्टी का झंडा लगाया

  • Updated on 4/18/2022

नई दिल्ली /नेशनल ब्यूरो : शिरोमणि अकाली दल (बादल) ने गुरुद्वारा श्री रकाबगंज साहिब परिसर में स्थित अपने प्रदेश कार्यालय पर आज कब्जा ले लिया। पुलिस और संगतों की मौजूदगी में पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष जत्थेदार अवतार सिंह हित ने पार्टी कार्यालय पर विपक्षी दल की ओर से किए गए कथित कब्जे को हटाते हुए कार्यालय पर पार्टी का झंडा फिर से लगा दिया। विरोधियों के पोस्टर-बैनर एवं बोर्ड उतारकर फेंक दिया। इस दौरान कोई बवाल ना हो इससे बचने के लिए अकाली दल ने आनन फानन में श्री अखंड पाठ साहिब शुरू करवा दिया। इसकी समाप्ति बुधवार को होगी। इस तीन दिनों के बीच विपक्षी दल दोबारा कब्जा नहीं कर पाएंगे। इस मौके पर भारी संख्या में महिला संगत एवं पार्टी कार्यकर्ता मौजूद रहे।
     इस मौके पर जत्थेदार अवतार सिंह ने बताया कि शिरोमणि अकाली दल शहीदों की जत्थेबंदी है और 1920 में अनेक शहादतों के बाद पार्टी विस्तार में आई थी। पार्टी के समय समय पर अध्यक्ष बदलते गए और मौजूदा समय में सुखबीर सिंह बादल पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष हैं। हित के मुताबिक 1999 में एक समझौते के तह गुरुद्वारा रकाब गंज साहिब परिसर में शिरोमणि अकाली दल (बादल) एवं शिरोमणि अकाली दल दिल्ली (सरना दल) को पार्टी की धार्मिक गतिविधियों के लिए कार्यालय अलाट किये गये थे। प्रशासन की मौजूदगी में बाकायदा यह समझौता हुआ था। मगर बीते दिनों हरमीत सिंह कालका द्वारा नई पार्टी (शिरोमणि अकाली दल दिल्ली स्टेट) बनाई गई और एक सोची समझी साजिश के तहत पार्टी के कार्यालय पर जबरन कब्जा कर लिया गया। इसे आज मुक्त करवाकर शिरोमणि अकाली दल ने आफिस में वापसी की। जत्थेदार अवतार सिंह हित ने कहा कि इससे पहले भी 2 बार पार्टी का ऐसा हाल हुआ जब सभी लोग पार्टी छोड़ गए और उस समय भी उन्होंने अकेले अपने दम पर पार्टी को पुन: स्थापित किया। इस बार भी कुछ पंथक गद्दारों ने पार्टी को समाप्त करते के लिए मुहिम चलाकर पार्टी का हश्र ऐसा कर दिया। पार्टी की टिकट पर जीते सभी सदसय पंथ और कौम को धोखा देकर हरमीत सिंह कालका द्वारा बनाई गई नई पार्टी में शामिल हो गए। हित ने कहा कि शिरोमणि अकाली दल शहीदों की जत्थेबंदी है जो ना कभी समाप्त हुई है और ना हो सकती है उसे खत्म करने काा ख्वाब देखने वालों का नाश हो सकता है पर पार्टी का नहीं। इस मौके पर दिल्ली सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के दो सदस्य बीबी रणजीत कौर एवं सुखविंदर सिंह बब्बर, अमरीत सिंह खानपुरी, अमरजीत सिंह गुल्लू, मनदीप सिंह भामरा, जगमोहन सिंह शेस, परमजीत सिंह मान, सुरजीत सिंह विलखु, बीबी रविंदर कौर बत्रा,  सहित बड़ी संख्या में संगत मौजूद रही।

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