Saturday, Jan 29, 2022
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Delhi Farmer protest Kisan Baburao Hazare Agitation sobhnt

सरकार के खिलाफ अन्ना हजारे करेंगे आंदोलन, 30 जनवरी से बैठेंगे अनशन पर

  • Updated on 1/29/2021

नई दिल्ली/टीम डिजिटल। देश की राजधानी दिल्ली की सीमा पर पिछले 2 महीने से चल रहे किसान प्रदर्शन (Farmer protest) के बीच मशहूर समाजसेवी अन्ना हजारे (Anna hazare) ने आज ऐलान किया है कि  वह भी अपने गांव रालेगण सिद्धि में 30 जनवरी से आंदोलन पर बैठेगे, अन्ना हजारे ने कहा है कि वह 2018 से केंद्र सरकार से स्वामीनाथन आयोग को लागू कराने की विनती कर रहे हैं मगर सरकार इस पर ध्यान नहीं दे रही है इसलिए अब मैं भी आंदोलन पर बैठुंगा। 

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सरकार हो गई एक्टिव
बता दें सूत्रों के मुताबिक मिली खबर के मुताबिक अन्ना हजारे को मनाने के लिए सरकार एक्टिव को गई है। केंद्र सरकार ने अपनी तरफ से कृषि राज्य मंत्री कैलाश चौधरी को लगाया हुआ है।  कृषि राज्य मंत्री अन्ना हजारे से बात करने की कोशिश कर रहे हैं। मंत्री ने कहा है कि वह अन्ना को मनाकर रहेंगे। इसके अलावा पूर्व मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस भी इस समय रालेगण सिद्धि पहुंच चुके हैं। सभी लोग अन्ना को मनाने पहुंचे हैं मगर इस बार अन्ना के तेवर देखकर लग रहा है कि वह मानने वाले नहीं हैं।  
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ड्राफ्ट कर रहे हैं तैयार
बता दें अन्ना के अनशन को देखते हुए देवेन्द्र फडणवीस और गिरिश महाजन जैसे नेताओं ने देश के कृषि मंत्री नरेन्द्र सिंह तोमर से बात की है। तोमर ने उन्होंने बात करके एक ड्राफ्ट तैयार करने की बात की है। ताकि अन्ना के इस आंदोलन को खत्म कराया जा सके। दोनों नेता अन्ना के साथ इस ड्राफ्ट पर चर्चा करेंगे और अगर ड्राफ्ट से अन्ना संतुष्ठ होते हैं तो वह इस अनशन को टाल भी सकते हैं।  

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दिल्ली हिंसा का किया विरोध
बता दें इसके अलावा अन्ना हजारे ने हिंसा में किसानों द्वार की गई हिंसा की निंदा की है। अन्ना ने अपने समर्थकों से कहा है कि वह हमेशा से गांधी जी को आर्दश मानते आए हैं और उन्होंने हमेशा शांति और अहिंसा के साथ आंदोलन किया है। इसलिए मेरे आंदोलन में किसी तरह की हिंसा नहीं होनी चाहिए। वह कहते हैं कि लोकपाल आंदोलन में भी लाखों लोग शामिल हुए थे मगर किसी ने किसी तरह की कोई हिंसा नहीं की थी। अन्ना ने कहा कि वह पिछले 40 साल से आंदोलन कर रहे हैं मगर कभी हिंसा नहीं हुई।  

 

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