Monday, Nov 28, 2022
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पंजाब, हरियाणा में पराली 127 जगह लेकिन प्रदूषण पर बोले विशेषज्ञ, दिल्ली को पूरे साल करना होगा प्रबंध

  • Updated on 10/6/2022

नई दिल्ली/अनिल सागर। वीरवार को राजधानी में हल्की बूंदाबांदी के बाद प्रदूषण स्तर बुधवार के खराब के मुकाबले संतोषजनक स्थिति में आ गया। हालंाकि पराली जलाने के मामले पंजाब में सौ तो वहीं हरियाणा में 27 जगह नजर आए। बता दें कि दिल्ली में बुधवार को दिन के एक हिस्से में धूल का असर रहा और उसके बाद जीआरएपी के सख्त नियम लागू कर दिए गए। 
      वीरवार को दिल्ली में संशोधित ग्रेडेड रिस्पांस एक्शन प्लान के पहले चरण के लागू होने के बाद, पर्यावरणविदों ने कहा कि शहर में खतरनाक प्रदूषण के स्तर को कम करने के लिए और अधिक व्यापक कार्रवाई की जरूरत है। वायु प्रदूषण को सिर्फ इसी मौसम की समस्या के तौर पर नहीं मान सकते। दिल्ली में हवा की गुणवत्ता बुधवार को खराब स्तर 211 पर आ जाने के बाद जीआरएपी का पहला चरण लागू हो गया। 
      नए नियमों में प्रदूषण फैलाने वालों के खिलाफ दंडात्मक और कानूनी कार्रवाई शामिल है। पर्यावरण विशेषज्ञ रविंद्र खईवाल ने कहा कि पराली सिर्फ एक वजह नहीं है, दिल्ली की अपनी वजहें हैं जिस पर काम करने की जरूरत है। पर्यावरणविद् भावरीन कंधारी ने कहा कि वायु प्रदूषण के खिलाफ कार्रवाई पूरे साल होनी चाहिए अभी ऐसी नहीं नहीं है। अभियान और जागरूकता से हवा साफ नहीं मिलेगी जमीन पर उतरना होगा। 
      सीआरईए के विश्लेषक सुनील दहिया ने कहा कि खतरनाक प्रदूषण के स्तर को कम करने और सार्वजनिक स्वास्थ्य की सुरक्षा के लिए व्यापाक प्रबंधों की जरूरत है। पटाखों पर प्रतिबंध से पहले यह ध्यान रखना चाहिए कि लाइसेंस की शर्तों में यह शामिल हो और पूरे साल के लिए क्यों दिए जाएं। हालंाकि वीरवार को वायु गुणवत्ता सूचकांक बेहतर रहा और 24 घंटे का औसत एक्यूआई 79 दर्ज किया गया। 
     बुधवार को दिल्ली के साथ-साथ गाजियाबाद में 248, फरीदाबाद में 196, ग्रेटर नोएडा में 234, गुरुग्राम में 238 और नोएडा में 215 एक्यूआई से एनसीआर के अधिकांश शहरों में भी प्रदूषण खराब श्रेणी में ही रहा। पर्यावरण विशेषज्ञ अविनाश चंचल सख्त, कुशल कार्य योजना बताते हुए कहते हैं कि वायु प्रदूषण के बाकी स्रोतों की ओर ध्यान देने की जरूरत है और जीआरएपी को सख्ती से लागू करने के साथ ही वायु गुणवत्ता मानकों के आधार को भी संशोधित कर का समय है, उन्हें विश्व स्वास्थ्य संगठन के करीब का बनाया जा सके। 

पिछले तीन दिन एक्यूआई 
वीरवार-79 
बुधवार-211 
मंगलवार-150 
 

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