Thursday, May 06, 2021
-->
sc-denies-change-in-decision-of-permanent-commission-of-women-in-army-djsgnt

उच्चतम न्यायालय ने सेना में महिलाओं के स्थायी कमीशन के फैसले में बदलाव से इंकार किया

  • Updated on 2/24/2021

नई दिल्ली/ टीम डिजिटल। उच्चतम न्यायालय ने बुधवार को स्पष्ट किया कि वह व्यक्तिगत शिकायतों के आधार पर केंद्र सरकार को पिछले साल दिए अपने उस फैसले में बदलाव नहीं कर सकता, जिसमें सेना में महिला अधिकारियों को स्थायी कमीशन प्रदान करने का निर्देश दिया गया था। शीर्ष अदालत ने 17 फरवरी 2020 को दिए अपने फैसले में सभी सेवारत शॉर्ट र्सिवस कमीशन महिला अधिकारियों को स्थायी कमीशन प्रदान करने को कहा था।     

इनके समक्ष उठाने को कहा
न्यायमूॢत डी वाई चंद्रचूड़ और न्यायमूॢत एम आर शाह की पीठ ने कहा,’हम ऐसे विविध आवेदनों के आधार पर हमारे फैसले के साथ जरा भी बदलाव नहीं करेंगे, और वो भी लगभग एक साल बाद। हम व्यक्तिगत मामलों को देखते हुए अपने निर्णय में संशोधन नहीं कर सकते। न्यायिक अनुशासन नाम की भी कोई चीज होती है। ‘‘हालांकि, पीठ ने लेफ्टिनेंट कर्नल (सेवानिवृत्त) प्रियंवदा ए र्मिदकार के वकील को उनकी शिकायतें सशस्त्र बल अधिकरण के समक्ष उठाने को कहा।     

दूसरे अधिकारी को प्रदान नहीं किया गया
पूर्व महिला अधिकारी की ओर से पेश वकील एस एस पांडे ने अदालत के समक्ष दलील दी कि एक ही पद पर तैनात दो अधिकारियों में से एक को स्थायी कमीशन प्रदान किया गया जबकि दूसरी अधिकारी को प्रदान नहीं किया गया और बाद में वह सेवानिवृत्त हो गईं। 

Hindi News से जुड़े अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें फेसबुक पर ज्वॉइन करें, ट्विटर पर फॉलो करें।हर पल अपडेट रहने के लिए NT APP डाउनलोड करें। ANDROID लिंक और iOS लिंक।
comments

.
.
.
.
.