Wednesday, Apr 25, 2018

खाप पंचायत और हरियाणा सरकार में 'हड़प्पा' पर ठनी, 201 मकानों को तोड़ने का विरोध

  • Updated on 1/12/2018

नई दिल्ली/टीम डिजिटल।  किसी भी देश के लिए उसकी सभ्यता बेहद ही महत्वूपर्ण और जरूरी होती है। वहीं,  भारत जैसे देश को पुरानी सभ्यताओं के लिए काफी प्रसिद्ध माना जाता है। देश में कई ऐसी जगह है जहां आज भी प्राचीन काल की अद्भूत निशानियां देखने को मिलती है। लेकिन हरियाणा के हिसार जिले में राखीगढ़ी गांव में हड़प्पाकालीन सभ्यताओं की कई यादें बसी हुई है। लेकिन अब यह चीज वह रहने वाले लोगों के लिए मुसीबत का सबब बनती जा रही है। जिसकी  वजह से आस - पास के गांव की खाप पंचायत और राज्य की हरियाणा सरकार के बीच तनाव देखने को मिल रहा है।

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दरअसल हरियाणा सरकार यहां पर हड़प्पा सभ्यता को पूरी दुनिया में बरकरार रखने के लिए एक म्यूज़ियम बनाना चाहती है। परंतु उनके सामने वहां रहने वाले लोगों के करीब 201 मकान आ रहे हैं। सरकार हड़प्पा सभ्यता को लेकर म्यूज़ियम बनाने के लिए गांव में रहने वाले लोगों के घरों को शिफ्ट करना चाहती है। लेकिन गांव में रहने वाले लोगों ने यह साफ कह दिया हैं कि वह अपनी जगह किसी भी हाल में नहीं छोड़ेंगे। जिसकी वजह से बाबत गांव में रहने वाले लोग प्रदर्शन कर रहे हैं। साथ ही करीब दो सौ से अधिक लोग एक साथ धरने पर बैठे हुए है।

एक अग्रेंजी अखबार के अनुसार प्रदर्शन के दौरान भी गांव वाले अपने शौक को पूरी तरह से बरकरार रखे हुए हैं। आपको बता दें कि दो गांव राखी खास और राखी शाहपुर को एक मिलाकर राखीगढ़ी बोला जाता है। जहां  5000 साल पुरानी हड़प्पा सभ्यताओं की पुरानी चीजों ने अपनी जगह बनाई हुई है। यहां पर सरकार खुदाई करने का मन बनाए हुए है। इसके साथ ही यह कहा जा रहा है कि गुजरात के धोलविरा के अलावा इसी जगह पर हड़प्पा का इतिहास मौजूद है।

इस पूरे मामले को लेकर गांव वालों का  कहना है कि जो कोई भी सीएम बनता है वह केवल सपने दिखाता है कि आपके गांव का नाम पूरे विश्व में प्रसिद्ध होगा,लेकिन हकीकत में कुछ होता ही नहीं।  इस तरह के वादे के खिलाफ हम है, हम अपने घरों को किसी भी हालात में शिफ्ट नहीं करेंगे। आपको यह बता दें कि यह प्रदर्शन पिछले महीन से तुल पकड़े हुए है जब ASI विभाग ने 201 परिवार वालों को उनके घर को शिफ्ट करने का नोटिस दिया था, उन्हें यह कहा गया था कि यहां खुदाई होनी है औरआपने अवैध निर्माण किया गया है इसलिए यहां से जल्द शिफ्ट करें।

जिसके बाद इस मुद्दे को लेकर राखी गढ़ी के गांव वालों के समर्थन में आस पास की कई खाप पंचायतें एक साथ आ गई । जिनका सीधा प्रभाव 17 गांवों पर भी पड़ा। वहीं, सरकार को6 जनवरी को माकन तोड़ने का काम करना था, लेकिन विरोध के चक्कर में ये काम नहीं हो पाया है। 

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वित्तमंत्री कैप्टन अभिमन्यु का इस मामले को लेकर कहना है कि राखी गढ़ी एक ऐतिहासिक गांव है, गांव में हड़प्पा संस्कृति को निखारने और बनाए रखने के लिए एक  म्यूजियम बनाया जाएगा। इसके अलावा अदालत का यह आदेश है कि गांव के कुछ ही मकानों को उस जगह से हटाया जाएगा, वो आदेश का पालन पूरी तरह से कर रहें हैं। 

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