Saturday, Jul 31, 2021
-->
Donation for Ayodhya Ram temple will be income tax free central government prshnt

अयोध्या राम मंदिर के लिए दान होगा आयकर मुक्त , केंद्र सरकार ने जारी किया गजट नोटिफिकेशन

  • Updated on 5/9/2020

नई दिल्ली/ टीम डिजिटल। अयोध्या (Ayodhya) में राम मंदिर निर्माण के लिए बनाए गए श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट दान करने पर अब कोई राशि पर आयकर नहीं देना होगा। शुक्रवार को इससे संबंधित वित्त मंत्रालय की ओर से वजट नोटिफिकेशन जारी किया गया है। जिसके मुताबिक राम जन्मभूमि ट्रस्ट में दान करने पर आयकर अधिनियम 1961 की धारा 80जी के तहत आयकर में छूट दिया जाएगा। मंत्रालय ने तीर्थ क्षेत्र को ऐतिहासिक महत्व का स्थान और एक सार्वजनिक पूजा के प्रसिद्ध स्थान के तौर पर नोटिफाई किया है।

प्रवासियों को लेकर केंद्र- ममता बनर्जी में ठनी, TMC ने अमित शाह को कही ये बात

हनुमान जयंती के मौके पर लागू किया गया खाता संख्या
बता दें कि राम जन्मभूमि ट्रस्ट का के आधिकारिक खाते की जानकारी 2 अप्रैल को दी गई थी। इस खाते में 9 अप्रैल तक 5 करोड़ से ज्यादा रकम जमा हो चुकी थी। दान करने वालों में सबसे ज्यादा लोग वे थे जो 1 रुपये से लेकर 1000 तक की रकम खाते में डाल रहे हैं। हाल ही में श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट ने 9 अप्रैल को हनुमान जयंती के मौके पर अपना लोगो भी जारी जारी किया था

मंत्रालय ने जारी की नई डिस्चार्ज नीति, क्या आगे और तेजी से बढ़ने वाले हैं कोरोना के मरीज?

लोगो हुआ लॉन्च
अयोध्या में राम मंदिर निर्माण के लिए गठित श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के सदस्य कोरोना वायरस महामारी में भी अपने काम में जुटे हैं। हाल ही में इस ट्रस्ट ने मंदिर के लिए बैंक अकाउंट नंबर सार्वजनिक किया था। वहीं इस ट्रस्ट का लोगो (Logo) भी लांच कर दिया गया। बता दें कि किसी अन्य संगठन संस्था के लोगों की तरह ही यह लोगों भी ट्रस्ट के मूल्यों और आदर्शों का परिचायक है।

श्रमिक स्पेशल ट्रेन से जा रही थी महिला बिहार, रास्तें में दिया बेटी को जन्म

श्रद्धा वर्धन हनुमान जी का चित्र
श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के इस लोगो के केंद्र में जहां भगवान राम स्वामी छवि से युक्त चित्र श्रद्धालुओं को अभय प्रदान करने वाला है। वहीं वलयाकार ऊपरी परिधि पर अंकित श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र लोगो की पहचान पूरी करता है। ट्रस्ट के लोगो में अंकित तीर्थ क्षेत्र के नाम से पूर्व और नाम के समापन पर श्रद्धावर्धन हनुमान जी को चित्रित किया गया है। बताया जा रहा है कि इससे यह आदर्श सामने आता है कि नख से शिख तक हनुमान जी के आदर्श अनुरूप और उन्हें ही अपना मार्गदर्शक मानते हुए अपनी भूमिका को अंजाम देगा। वही आधार पीठ के रूप में भगवान राम की महत्व से संबंधित बाल्मीकि रामायण किए प्रतिनिधि अरावली अंकित है- रामो विग्रहवान धर्मः

यहां पढ़ें कोरोना से जुड़ी महत्वपूर्ण खबरें

comments

.
.
.
.
.