Friday, May 14, 2021
-->
coronavirus international takers free of cost supply india bharat biotech sobhnt

भारत मुफ्त में दे रहा है कोवैक्सीन, फिर भी कोई देश नहीं लेने को तैयार

  • Updated on 2/13/2021

नई दिल्ली / टीम डिजिटल। भारत इस समय कोरोना संकट के दौरान दुनिया के कई देशों को वैक्सीन पहुंचा रहा है। इसी बीच खबर आई है कि भारत सरकार ने कई देशों को कोवैक्सीन वैक्सीन देने की बात कही थी मगर कई देश मुफ्त में भी इस वैक्सीन को नहीं ले रहे हैं। बता दें भारत सरकार ने कोरोना के संकट से जूझ रहे सात देशों को सहायता के तौर पर कोरोना वैक्सीन की 8.1 लाख खुराक देने की बात कही थी मगर म्यांमार के अलावा किसी देश ने इन वैक्सीन को लेने से मना कर दिया। बता दें कोवैक्सीन को भारत बायोटेक (Bharat Biotech) ने बनाया है। 

चमौली त्रासदीः दो लापता लोगों के मिले शव, 38 लोगों के शव पांच दिनों में हुए बरामद

भारत बायोटेक पर लोग नहीं दिखा रहे विश्वास
बता दें भारत सरकार ने अभी तक लगभग 64.7 लाख कोरोना की वैक्सीन सद्भावना के तौर पर दुनिया के दूसरे देशों को दी है मगर इनमें भारत सरकार की कंपनी भारत बायोटेक की कोवैक्सीन का हिस्सा मात्र 2 लाख है और सारी वैक्सीन भारत में बने सीरम इंस्टीट्यूट के साथ ऑक्सफोर्ड यूनिवर्सिटी में विकसित की गई कोविशील्ड की दी गई हैं। दुनिया के अधिकांश देशों ने कोवैक्सीन को लेने से मना कर दिया है। दरअसल अभी तक कोवैक्सीन के तीसरे ट्रायल के रिजल्ट सामने नहीं आए हैं इसलिए दुनिया में इस वैक्सीन को कोई मुफ्त में भी नहीं ले रहा है। 

तजाकिस्तान की धरती हिलने के कारण, दिल्ली NRC समेत उत्तर भारत के कई इलाकों में भूकंप के झटके

म्यांमार ने दिखाया विश्वास
भारत सरकार ने कोरोना के खिलाफ लड़ने के लिए सद्भावना के तौर पर  म्यांमार, मंगोलिया, ओमान, बहरीन, फिलीपीन्स, मालदीव और मॉरीशस को कोविड वैक्सीन देने की बात कही थी मगर इनमें से किसी भी देश ने कोवैक्सीन को लेने के लिए हां नहीं की है। केवल म्यांमार ने भारत सरकार पर विश्वास दिखाते हुए कोवैक्सीन को अपने सैनिकों को लगवाया है। उसके अलावा किसी अन्य देश ने कोवैक्सीन को नहीं लिया है।  

Kannauj : आगरा-लखनऊ एक्सप्रेस-वे पर भीषण सड़क हादसा, कार सवार 6 लोगों की मौत

बहुत कम देश कोवैक्सीन में दिखा रहे हैं दिलचस्पी  
बता दें भारत सरकार के प्रस्ताव देने के बाद लगभग एक महीना हो गया है मगर बहुत ही कम लोग कोवैक्सीन में दिलचस्पी दिखा रहे हैं। देश के अंदर में कई जगह आवाज उठी थी कि वह कोवैक्सीन की जगह सीरम इंस्टीट्यूट की कोविशील्ड को लगवाना चाहते हैं। इसी तरह दुनिया के कई देशों ने भी कोविशील्ड पर भरोसा दिखाया है। यह देश कोवैक्सीन ने नाम से भारत सरकार से कोई रिस्पांस नहीं दे रहे हैं। बता दें दुनियाभर में इस समय कोरोना की वैक्सीन तेजी से लगाई जा रही है। अमेरिका, भारत और ब्रिटेन में टीका लगवाने वालों की संख्या जल्द ही एक करोड़ पहुंचने वाली है।   

 

 

ये भी पढ़ें:

Hindi News से जुड़े अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें फेसबुक पर ज्वॉइन करें, ट्विटर पर फॉलो करें।हर पल अपडेट रहने के लिए NT APP डाउनलोड करें। ANDROID लिंक और iOS लिंक।
comments

.
.
.
.
.